Download The Motor Vehicle Act MCQs Set- 11 PDF
1. धारा 161(4)(ख) के अनुसार स्कीम के किसी उपबंध का उल्लंघन करने पर अधिकतम कारावास कितना हो सकता है?
a. 6 माह
b. 1 वर्ष
c. 2 वर्ष
d. 3 वर्ष
2. धारा 161(4)(ख) के अनुसार स्कीम के उल्लंघन पर न्यूनतम जुर्माना कितना है?
a. ₹10,000
b. ₹25,000
c. ₹50,000
d. ₹1,00,000
3. धारा 161(4)(ख) के अनुसार स्कीम के उल्लंघन पर अधिकतम जुर्माना कितना हो सकता है?
a. ₹1,00,000
b. ₹2,00,000
c. ₹5,00,000
d. ₹10,00,000
4. धारा 161(4)(ग) के अनुसार स्कीम के अंतर्गत अधिकारियों की शक्तियां किसकी अनुमति से प्रत्यायोजित की जा सकती हैं?
a. राज्य सरकार की अनुमति से
b. उच्च न्यायालय की अनुमति से
c. केंद्रीय सरकार की पूर्व लिखित अनुमति से
d. दावा अधिकरण की अनुमति से
5. स्वर्णिम काल के लिए स्कीम किस धारा से सम्बंधित है?
a. धारा 160
b. धारा 161
c. धारा 162
d. धारा 163
6. धारा 162 के अनुसार सड़क दुर्घटना पीड़ितों के उपचार का प्रावधान कौन करेगा?
a. राज्य सरकार
b. साधारण बीमा कंपनियां
c. दावा अधिकरण
d. परिवहन प्राधिकरण
7. धारा 162 के अनुसार सड़क दुर्घटना पीड़ितों के उपचार का प्रावधान किसके अनुसार किया जाएगा?
a. केवल केंद्रीय सरकार के आदेश के अनुसार
b. केवल बीमा कंपनी की नीति के अनुसार
c. इस अधिनियम और इसके अधीन बनाई गई स्कीम के अनुसार
d. केवल राज्य सरकार की अधिसूचना के अनुसार
8. धारा 162 में “स्वर्णिम काल” का संबंध किससे है?
a. वाहन खरीदने के समय से
b. बीमा पालिसी जारी होने के समय से
c. दुर्घटना के बाद प्रारंभिक महत्वपूर्ण समय से
d. दावा दायर करने के समय से
9. स्वर्णिम काल के दौरान दुर्घटना पीड़ितों के लिए किस प्रकार का उपचार प्रदान करने हेतु स्कीम बनाई जाएगी?
a. निःशुल्क दीर्घकालिक उपचार
b. नकदी रहित उपचार
c. केवल प्राथमिक उपचार
d. केवल सरकारी अस्पताल में उपचार
10. धारा 162 के अनुसार स्वर्णिम काल के दौरान उपचार हेतु स्कीम कौन बनाएगी?
a. राज्य सरकार
b. साधारण बीमा परिषद्
c. केंद्रीय सरकार
d. दावा अधिकरण
11. धारा 162 के अनुसार उपचार के लिए निधि (Fund) के सृजन का प्रावधान किसमें किया जा सकता है?
a. दावा अधिकरण के आदेश में
b. बीमा पालिसी में
c. बनाई गई स्कीम में
d. न्यायालय के निर्णय में
12. धारा 162 का संबंध मुख्यतः किससे है?
a. वाहन पंजीकरण से
b. बीमा प्रीमियम से
c. दुर्घटना पीड़ितों को त्वरित चिकित्सा सुविधा से
d. ड्राइविंग लाइसेंस से
13. धारा 162 में उल्लेखित साधारण बीमा कंपनियां किस अधिनियम से भी संबंधित हैं?
a. बीमा अधिनियम, 1938
b. मोटर वाहन अधिनियम, 1988
c. साधारण बीमा कंपनी (राष्ट्रीयकरण) अधिनियम, 1972
d. कंपनी अधिनियम, 2013
14. धारा 161 के अधीन संदत्त प्रतिकर के कतिपय मामलों में प्रतिदाय किस धारा से सम्बंधित है?
a. धारा 161
b. धारा 162
c. धारा 163
d. धारा 164
15. धारा 163 के अनुसार धारा 161 के अधीन प्रतिकर किस शर्त के अधीन दिया जाता है?
a. कि प्रतिकर केवल एक बार मिलेगा
b. कि राज्य सरकार की अनुमति आवश्यक होगी
c. कि यदि अन्य प्रतिकर प्राप्त हो तो समान राशि बीमाकर्ता को वापस की जाएगी
d. कि दावा अधिकरण की स्वीकृति आवश्यक होगी
16. धारा 163 के अनुसार यदि किसी व्यक्ति को धारा 161 के अतिरिक्त अन्य विधि के अधीन प्रतिकर मिल जाता है तो क्या होगा?
a. उसे कोई अतिरिक्त कार्रवाई नहीं करनी होगी
b. पूरी प्रतिकर राशि सरकार को लौटानी होगी
c. धारा 161 के अधीन मिली राशि के बराबर भाग बीमाकर्ता को लौटाना होगा
d. केवल ब्याज लौटाना होगा
17. धारा 163 के अनुसार प्रतिकर अधिनिर्णीत करने से पहले दावा अधिकरण या न्यायालय क्या सत्यापन करेगा?
a. वाहन का पंजीकरण वैध है या नहीं
b. चालक के पास लाइसेंस है या नहीं
c. क्या धारा 161 के अधीन पहले ही प्रतिकर दिया जा चुका है या आवेदन लंबित है
d. बीमा कंपनी का कार्यालय कहाँ है
18. यदि धारा 161 के अधीन प्रतिकर पहले ही दिया जा चुका है तो दावा अधिकरण क्या करेगा?
a. आवेदन निरस्त कर देगा
b. बीमाकर्ता को राशि वापस करने का आदेश देगा
c. नया प्रतिकर निर्धारित करेगा
d. पुलिस को सूचना देगा
19. यदि धारा 161 के अधीन प्रतिकर के लिए आवेदन लंबित है तो दावा अधिकरण क्या करेगा?
a. आवेदन निरस्त कर देगा
b. प्रतिकर का भुगतान रोक देगा
c. बीमाकर्ता को अधिनिर्णीत प्रतिकर की विशिष्टियां भेजेगा
d. मामला उच्च न्यायालय को भेज देगा
20. स्पष्टीकरण के अनुसार धारा 161 के अधीन आवेदन कब तक लंबित माना जाएगा यदि वह नामंजूर कर दिया गया हो?
a. आवेदन दाखिल करने की तारीख तक
b. आवेदन की सुनवाई की तारीख तक
c. आवेदन की नामंजूरी की तारीख तक
d. प्रतिकर के भुगतान की तारीख तक
21. यदि आवेदन नामंजूर नहीं हुआ है तो धारा 163 के अनुसार वह कब तक लंबित माना जाएगा?
a. दावा अधिकरण के आदेश तक
b. प्रतिकर के संदाय की तारीख तक
c. एक वर्ष तक
d. अपील की अवधि समाप्त होने तक
22. धारा 163 में संशोधन किस वर्ष किया गया था?
a. 2017
b. 2018
c. 2019
d. 2020
23. मृत्यु या घोर उपहति, आदि के मामले में प्रतिकर का संदाय किस धारा से सम्बंधित है?
a. धारा 162
b. धारा 163
c. धारा 164
d. धारा 165
24. धारा 164 के अनुसार दुर्घटना में मृत्यु होने पर कितनी राशि का प्रतिकर देय होगा?
a. ₹2,00,000
b. ₹2,50,000
c. ₹5,00,000
d. ₹10,00,000
25. धारा 164 के अनुसार दुर्घटना में घोर उपहति (Grievous Hurt) होने पर कितनी राशि का प्रतिकर देय होगा?
a. ₹50,000
b. ₹1,00,000
c. ₹2,00,000
d. ₹2,50,000
26. धारा 164 के अनुसार प्रतिकर देने के लिए कौन दायी होगा?
a. केवल चालक
b. केवल दावा अधिकरण
c. मोटर यान का स्वामी या प्राधिकृत बीमाकर्ता
d. केवल राज्य सरकार
27. धारा 164 के अंतर्गत प्रतिकर के दावे में दावाकर्ता को क्या सिद्ध करने की आवश्यकता नहीं होती?
a. वाहन का पंजीकरण
b. बीमा पालिसी का अस्तित्व
c. चालक की लापरवाही या दोष
d. दुर्घटना की तिथि
28. धारा 164 के अंतर्गत प्रतिकर किसे दिया जाता है?
a. केवल वाहन स्वामी को
b. केवल बीमा कंपनी को
c. विधिक वारिसों या पीड़ित को
d. केवल चालक को
29. यदि किसी अन्य विधि के अधीन पहले ही प्रतिकर दिया जा चुका है तो धारा 164 के अनुसार क्या होगा?
a. नया प्रतिकर नहीं दिया जाएगा
b. पहले से दी गई राशि को घटा दिया जाएगा
c. दोगुना प्रतिकर दिया जाएगा
d. मामला समाप्त कर दिया जाएगा
30. धारा 164 का सिद्धांत किस प्रकार की देयता को दर्शाता है?
a. पूर्ण दोष देयता
b. संविदात्मक देयता
c. बिना दोष की deयता (No Fault Liability)
d. आपराधिक देयता
31. धारा 164 के अंतर्गत प्रतिकर किस कारण से उत्पन्न दुर्घटना में देय होता है?
a. प्राकृतिक आपदा से हुई दुर्घटना
b. मोटर यान के उपयोग के कारण हुई दुर्घटना
c. औद्योगिक दुर्घटना
d. रेल दुर्घटना
32. धारा 164 में संशोधन किस वर्ष किया गया था?
a. 2017
b. 2018
c. 2019
d. 2020
33. दावाकर्ताओं के लिए अंतरिम अनुतोष हेतु स्कीम किस धारा से सम्बंधित है?
a. धारा 164
b. धारा 164(क)
c. धारा 165
d. धारा 166
34. धारा 164(क) के अनुसार अंतरिम अनुतोष के लिए स्कीम बनाने की शक्ति किसके पास है?
a. राज्य सरकार
b. दावा अधिकरण
c. केंद्रीय सरकार
d. उच्च न्यायालय
35. धारा 164(क) के अंतर्गत स्कीम किसके लिए बनाई जाती है?
a. बीमा कंपनियों के लिए
b. मोटर यान निर्माताओं के लिए
c. प्रतिकर हेतु आवेदन करने वाले दावाकर्ताओं के लिए
d. केवल वाहन स्वामियों के लिए
36. धारा 164(क) के अनुसार स्कीम के अंतर्गत निधि की वसूली किससे की जा सकती है?
a. चालक से
b. बीमाकर्ता से
c. मोटर यान के स्वामी से
d. दावा अधिकरण से
37. धारा 164(क) के अनुसार स्कीम में किस बात का भी प्रावधान होगा?
a. केवल आवेदन के प्रारूप का
b. केवल सुनवाई की प्रक्रिया का
c. निधि के वितरण और वसूली की प्रक्रिया का
d. केवल अपील की प्रक्रिया का
38. धारा 164(क) के अनुसार दावा किन स्रोतों से उत्पन्न हो सकता है?
a. केवल मोटर यान के उपयोग से
b. केवल बीमा संविदा से
c. मोटर यान के उपयोग से या अन्य स्रोतों से जिन्हें केंद्रीय सरकार विहित करे
d. केवल न्यायालय के आदेश से
39. धारा 164(क) के अंतर्गत “अंतरिम अनुतोष” का अर्थ क्या है?
a. अंतिम प्रतिकर
b. दंडात्मक प्रतिकर
c. प्रारंभिक या अस्थायी राहत
d. स्थायी अनुतोष
40. धारा 164(क) कब जोड़ी गई थी?
a. 2017
b. 2018
c. 2019
d. 2020
41. मोटरयान दुर्घटना निधि किस धारा से सम्बंधित है?
a. धारा 164
b. धारा 164(क)
c. धारा 164(ख)
d. धारा 165
42. धारा 164(ख) के अनुसार “मोटरयान दुर्घटना निधि” का गठन कौन करेगा?
a. राज्य सरकार
b. दावा अधिकरण
c. केंद्रीय सरकार
d. बीमा परिषद्
43. धारा 164(ख) के अनुसार निधि में क्या जमा किया जाएगा?
a. केवल जुर्माने की राशि
b. केवल बीमा प्रीमियम
c. केंद्रीय सरकार द्वारा अनुमोदित संदाय, अनुदान, ऋण आदि
d. केवल न्यायालय शुल्क
44. धारा 164(ख) के अनुसार हिट एंड रन दुर्घटनाओं में मृत्यु होने पर प्रतिकर किसे दिया जाएगा?
a. वाहन स्वामी को
b. बीमाकर्ता को
c. मृतक के प्रतिनिधियों को
d. पुलिस अधिकारी को
45. धारा 164(ख) के अनुसार प्रत्येक मामले में अधिकतम दायित्व राशि कौन निर्धारित करेगा?
a. राज्य सरकार
b. दावा अधिकरण
c. केंद्रीय सरकार
d. संसद
46. धारा 164(ख) के अनुसार निधि के लेखों की संपरीक्षा कौन करेगा?
a. वित्त मंत्रालय
b. भारतीय रिज़र्व बैंक
c. भारत के नियंत्रक-महालेखापरीक्षक (CAG)
d. नीति आयोग
47. धारा 164(ख) के अनुसार निधि के लेखों की रिपोर्ट किसके समक्ष प्रस्तुत की जाएगी?
a. राज्य विधानमंडल के समक्ष
b. सर्वोच्च न्यायालय के समक्ष
c. संसद के प्रत्येक सदन के समक्ष
d. केंद्रीय मंत्रिमंडल के समक्ष
48. धारा 164(ख) के अनुसार निधि का प्रबंधन कौन करेगा?
a. साधारण बीमा परिषद्
b. राज्य सरकार द्वारा नामित अधिकारी
c. केंद्रीय सरकार द्वारा विनिर्दिष्ट प्राधिकारी या अभिकरण
d. दावा अधिकरण
49. धारा 164(ख) के अनुसार निधि में आय का अन्य स्रोत कौन निर्धारित करेगा?
a. संसद
b. राज्य सरकार
c. केंद्रीय सरकार
d. CAG
50. धारा 164(ख) के अनुसार निधि के लेखों की वार्षिक विवरणी किससे परामर्श लेकर तैयार की जाएगी?
a. वित्त आयोग
b. भारत के नियंत्रक-महालेखापरीक्षक (CAG)
c. नीति आयोग
d. संसद
51. धारा 164(ख) के अनुसार पूर्व में धारा 161(3) के अधीन बनी स्कीम का क्या होगा?
a. उसे संशोधित किया जाएगा
b. उसे जारी रखा जाएगा
c. उसे समाप्त कर दिया जाएगा
d. उसे राज्य सरकार को हस्तांतरित किया जाएगा
52. धारा 164(ख) कब जोड़ी गई थी?
a. 2017
b. 2018
c. 2019
d. 2020
53. केन्द्रीय सरकार की नियम बनाने की शक्ति किस धारा से सम्बंधित है?
a. धारा 164(क)
b. धारा 164(ख)
c. धारा 164(ग)
d. धारा 165
54. धारा 164ग के अनुसार इस अध्याय के उपबंधों को प्रभावी करने के लिए नियम कौन बना सकता है?
a. राज्य सरकार
b. दावा अधिकरण
c. केन्द्रीय सरकार
d. उच्च न्यायालय
55. धारा 164ग के अनुसार बीमा पालिसी का प्ररूप और उसमें अंतर्विष्ट विशिष्टियां किस धारा से संबंधित हैं?
a. धारा 147(2)
b. धारा 147(3)
c. धारा 157(2)
d. धारा 159
56. धारा 164ग के अनुसार बीमा प्रमाणपत्र में अंतरण के तथ्य में परिवर्तन के लिए प्ररूप किस धारा के अंतर्गत निर्धारित किया जाता है?
a. धारा 147(3)
b. धारा 157(1)
c. धारा 157(2)
d. धारा 160
57. धारा 164ग के अनुसार दुर्घटना सूचना रिपोर्ट का प्ररूप और उसे प्रस्तुत करने की रीति किस धारा से संबंधित है?
a. धारा 157
b. धारा 158
c. धारा 159
d. धारा 160
58. धारा 164ग के अनुसार सूचना प्रस्तुत करने के प्ररूप का संबंध किस धारा से है?
a. धारा 158
b. धारा 159
c. धारा 160
d. धारा 161
59. धारा 164ग के अनुसार मोटर यान दुर्घटना निधि के वार्षिक लेखा विवरण का प्ररूप किस धारा के अंतर्गत निर्धारित किया जाता है?
a. धारा 164ख(1)
b. धारा 164ख(3)
c. धारा 164ख(5)
d. धारा 164ख(7)
60. धारा 164ग के अनुसार न्यूनतम प्रीमियम और बीमाकर्ता का अधिकतम दायित्व किस धारा से संबंधित है?
a. धारा 147(1)
b. धारा 147(2)
c. धारा 164(1)
d. धारा 164ख(1)
61. धारा 164ग के अनुसार बीमा पालिसियों के संबंध में अभिलेख रखने का दायित्व किस पर होता है?
a. वाहन स्वामी
b. दावा अधिकरण
c. बीमाकर्ता
d. परिवहन प्राधिकारी
62. धारा 164ग के अनुसार हिट एंड रन दुर्घटनाओं में मृत्यु के लिए उच्चतर प्रतिकर राशि किस धारा से संबंधित है?
a. धारा 161(2)(क)
b. धारा 161(2)(ख)
c. धारा 164(1)
d. धारा 164ख(3)
63. धारा 164ग के अनुसार अंतरिम अनुतोष के रूप में संदत्त की जाने वाली राशि किस धारा से संबंधित है?
a. धारा 161(3)
b. धारा 161(4)(क)
c. धारा 164(1)
d. धारा 164क
64. धारा 164ग के अनुसार प्रतिकर के संदाय की प्रक्रिया किस धारा के अंतर्गत निर्धारित की जाती है?
a. धारा 161(4)(क)
b. धारा 163
c. धारा 164(1)
d. धारा 164ख(1)
65. धारा 164ग के अनुसार मोटर यान दुर्घटना निधि में आय के अन्य स्रोत किस धारा के अंतर्गत निर्धारित किए जाते हैं?
a. धारा 164ख(1)
b. धारा 164ख(3)(घ)
c. धारा 164ख(7)
d. धारा 164क
66. धारा 164ग के अनुसार मोटर यान दुर्घटना निधि से प्रतिकर पाने वाले व्यक्तियों का निर्धारण किस धारा से संबंधित है?
a. धारा 164(1)
b. धारा 164ख(1)
c. धारा 164ख(3)(घ)
d. धारा 161(2)(क)
67. धारा 164(ग) कब जोड़ी गई थी?
a. 2017
b. 2018
c. 2019
d. 2020
68. सरकार की नियम बनाने की शक्ति किस धारा से सम्बंधित है?
a. धारा 164(ख)
b. धारा 164(ग)
c. धारा 164(घ)
d. धारा 165
69. धारा 164घ के अनुसार इस अध्याय के उपबंधों को क्रियान्वित करने के लिए नियम बनाने की शक्ति किसके पास है?
a. केन्द्रीय सरकार
b. उच्च न्यायालय
c. राज्य सरकार
d. दावा अधिकरण
70. धारा 164घ के अनुसार राज्य सरकार किन विषयों पर नियम बना सकती है?
a. केवल धारा 164ग में विनिर्दिष्ट विषयों पर
b. केवल बीमा पालिसियों पर
c. धारा 164ग में विनिर्दिष्ट विषयों से भिन्न विषयों पर
d. केवल दावा अधिकरण की प्रक्रिया पर
71. धारा 164घ के अनुसार धारा 147 की किस उपधारा के अंतर्गत अन्य प्राधिकारी निर्धारित किए जा सकते हैं?
a. धारा 147(2)
b. धारा 147(3)
c. धारा 147(4)
d. धारा 147(5)
72. धारा 164घ के अनुसार राज्य सरकार किन विषयों पर भी नियम बना सकती है?
a. केवल बीमा प्रीमियम से संबंधित विषयों पर
b. केवल मोटरयान दुर्घटना निधि से संबंधित विषयों पर
c. ऐसे अन्य विषय जिनके लिए नियम बनाने की आवश्यकता हो
d. केवल न्यायालयी प्रक्रिया से संबंधित विषयों पर
73. धारा 164घ की नियम बनाने की शक्ति किसकी शक्ति की व्यापकता को प्रभावित किए बिना दी गई है?
a. राज्यपाल की शक्ति
b. उच्च न्यायालय की शक्ति
c. केन्द्रीय सरकार की शक्ति
d. संसद की शक्ति
74. धारा 164घ के अनुसार नियम बनाने का अधिकार किस स्तर की सरकार को दिया गया है?
a. केवल केन्द्रीय सरकार को
b. केवल स्थानीय निकायों को
c. राज्य सरकार को
d. जिला प्रशासन को
75. धारा 164(घ) कब जोड़ी गई थी?
a. 2017
b. 2018
c. 2019
d. 2020
76. दावा अधिकरण किस धारा से सम्बंधित है?
a. धारा 163
b. धारा 164
c. धारा 165
d. धारा 166
77. धारा 165 के अनुसार मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण का गठन कौन करता है?
a. केन्द्रीय सरकार
b. उच्च न्यायालय
c. राज्य सरकार
d. बीमा परिषद्
78. धारा 165 के अनुसार दावा अधिकरण का गठन किस माध्यम से किया जाता है?
a. न्यायालय के आदेश द्वारा
b. राजपत्र में अधिसूचना द्वारा
c. संसद के अधिनियम द्वारा
d. बीमा कंपनी के आदेश द्वारा
79. धारा 165 के अनुसार दावा अधिकरण किस उद्देश्य के लिए गठित किया जाता है?
a. मोटर यानों का पंजीकरण करने के लिए
b. ड्राइविंग लाइसेंस जारी करने के लिए
c. दुर्घटनाओं से संबंधित प्रतिकर दावों के न्यायनिर्णयन के लिए
d. बीमा प्रीमियम निर्धारित करने के लिए
80. धारा 165 के अनुसार दावा अधिकरण किन मामलों में प्रतिकर के दावों का न्यायनिर्णयन करता है?
a. केवल वाहन चोरी के मामलों में
b. केवल बीमा विवादों में
c. मोटर यान के उपयोग से मृत्यु, शारीरिक क्षति या संपत्ति को नुकसान होने पर
d. केवल परमिट विवादों में
81. धारा 165 के स्पष्टीकरण के अनुसार प्रतिकर के दावे में कौन-सी धारा के अधीन दावे भी सम्मिलित हैं?
a. धारा 161
b. धारा 162
c. धारा 163
d. धारा 164
82. धारा 165 के स्पष्टीकरण के अनुसार प्रतिकर के दावे में धारा 164 के अधीन दावे भी सम्मिलित हैं, यह प्रतिस्थापन किस संशोधन द्वारा किया गया?
a. 2018 के अधिनियम सं. 31 द्वारा
b. 2019 के अधिनियम सं. 32 की धारा 52 द्वारा
c. 2020 के अधिनियम सं. 15 द्वारा
d. 2021 के अधिनियम सं. 10 द्वारा
83. धारा 165 के अनुसार दावा अधिकरण में कितने सदस्य हो सकते हैं?
a. केवल एक सदस्य
b. अधिकतम तीन सदस्य
c. उतने सदस्य जितने राज्य सरकार उचित समझे
d. केवल दो सदस्य
84. यदि दावा अधिकरण दो या अधिक सदस्यों से मिलकर बना हो तो उनमें से एक को क्या नियुक्त किया जाएगा?
a. सचिव
b. अध्यक्ष
c. मुख्य न्यायिक अधिकारी
d. रजिस्ट्रार
85. धारा 165 के अनुसार कौन व्यक्ति दावा अधिकरण का सदस्य बनने के लिए अर्ह है?
a. केवल अधिवक्ता
b. केवल सेवानिवृत्त पुलिस अधिकारी
c. उच्च न्यायालय का न्यायाधीश या जिला न्यायाधीश या उनके रूप में नियुक्ति के लिए अर्ह व्यक्ति
d. कोई भी स्नातक व्यक्ति
86. यदि किसी क्षेत्र में दो या अधिक दावा अधिकरण गठित किए गए हों तो उनके बीच कार्य का वितरण कौन करेगा?
a. उच्च न्यायालय
b. केन्द्रीय सरकार
c. राज्य सरकार
d. अध्यक्ष
87. धारा 165 के अनुसार दावा अधिकरण किन दावों का न्यायनिर्णयन करता है?
a. केवल बीमा प्रीमियम विवादों का
b. केवल वाहन पंजीकरण विवादों का
c. दुर्घटनाओं में प्रतिकर के दावों का
d. केवल परमिट विवादों का
88. प्रतिकर के लिए आवेदन किस धारा से सम्बंधित है?
a. धारा 164
b. धारा 165
c. धारा 166
d. धारा 167
89. धारा 166 के अनुसार प्रतिकर के लिए आवेदन कौन कर सकता है?
a. केवल क्षति ग्रस्त व्यक्ति
b. केवल मृतक के विधिक प्रतिनिधि
c. केवल संपत्ति का स्वामी
d. क्षति ग्रस्त व्यक्ति, संपत्ति का स्वामी या मृतक के विधिक प्रतिनिधि
90. यदि दुर्घटना में किसी व्यक्ति की मृत्यु हो जाए तो प्रतिकर के लिए आवेदन कौन कर सकता है?
a. केवल बीमाकर्ता
b. केवल राज्य सरकार
c. मृतक के सभी या किसी विधिक प्रतिनिधि
d. केवल पुलिस अधिकारी
91. यदि प्रतिकर के आवेदन में मृतक के सभी विधिक प्रतिनिधि शामिल न हों तो क्या होगा?
a. आवेदन निरस्त कर दिया जाएगा
b. आवेदन केवल शामिल व्यक्तियों के लिए माना जाएगा
c. आवेदन सभी विधिक प्रतिनिधियों के लाभ के लिए माना जाएगा
d. नया आवेदन प्रस्तुत करना होगा
92. जो विधिक प्रतिनिधि आवेदन में शामिल नहीं हुए हैं उन्हें किस रूप में जोड़ा जाएगा?
a. साक्षी के रूप में
b. अपीलकर्ता के रूप में
c. प्रत्यर्थी (Respondent) के रूप में
d. अभिकर्ता के रूप में
93. यदि कोई व्यक्ति धारा 164 के अधीन प्रतिकर स्वीकार कर लेता है तो दावा अधिकरण के समक्ष उसकी दावा याचिका का क्या होगा?
a. स्वीकार कर ली जाएगी
b. स्थगित कर दी जाएगी
c. व्यपगत (Abate) हो जाएगी
d. उच्च न्यायालय को भेज दी जाएगी
94. धारा 166(1) का दूसरा परन्तुक कब जोड़ा गया?
a. 2018 के अधिनियम सं. 31 द्वारा
b. 2019 के अधिनियम सं. 32 की धारा 53 द्वारा (1-4-2022 से)
c. 2020 के अधिनियम सं. 15 द्वारा
d. 2021 के अधिनियम सं. 10 द्वारा
95. धारा 166 के अनुसार प्रतिकर का आवेदन किस दावा अधिकरण में किया जा सकता है?
a. केवल जहां दुर्घटना हुई हो
b. केवल जहां दावाकर्ता निवास करता हो
c. केवल जहां प्रतिवादी निवास करता हो
d. उपर्युक्त में से किसी भी स्थान के अधिकारिता वाले दावा अधिकरण में
96. धारा 166(2) का परंतुक कब लोप किया गया?
a. 2018 के अधिनियम सं. 31 द्वारा
b. 2019 के अधिनियम सं. 32 की धारा 53 द्वारा (1-4-2022 से)
c. 2020 के अधिनियम सं. 15 द्वारा
d. 2021 के अधिनियम सं. 10 द्वारा
97. धारा 166 के अनुसार प्रतिकर का आवेदन किस अवधि के भीतर प्रस्तुत किया जाना चाहिए?
a. 3 महीने
b. 6 महीने
c. 1 वर्ष
d. 2 वर्ष
98. धारा 166(3) कब जोड़ा गया?
a. 2018 के अधिनियम सं. 31 द्वारा
b. 2019 के अधिनियम सं. 32 की धारा 53 द्वारा (1-4-2022 से)
c. 2020 के अधिनियम सं. 15 द्वारा
d. 2021 के अधिनियम सं. 10 द्वारा
99. धारा 166 के अनुसार दावा अधिकरण किस रिपोर्ट को प्रतिकर के आवेदन के रूप में मान सकता है?
a. पुलिस चार्जशीट
b. बीमा कंपनी की रिपोर्ट
c. धारा 159 के अधीन दुर्घटना रिपोर्ट
d. पोस्टमार्टम रिपोर्ट
100. धारा 166 के अनुसार यदि दुर्घटना में घायल व्यक्ति की मृत्यु हो जाए तो प्रतिकर का अधिकार किसे प्राप्त होगा?
a. बीमाकर्ता को
b. राज्य सरकार को
c. उसके विधिक प्रतिनिधियों को
d. पुलिस अधिकारी को
101. धारा 166 के अंतर्गत आवेदन किसके द्वारा भी किया जा सकता है यदि उसे विधिवत् प्राधिकृत किया गया हो?
a. किसी भी नागरिक द्वारा
b. सम्यक् रूप से प्राधिकृत अभिकर्ता द्वारा
c. केवल अधिवक्ता द्वारा
d. केवल पुलिस अधिकारी द्वारा
102. धारा 166(5) कब जोड़ा गया?
a. 2018 के अधिनियम सं. 31 द्वारा
b. 2019 के अधिनियम सं. 32 की धारा 53 द्वारा (1-4-2022 से)
c. 2020 के अधिनियम सं. 15 द्वारा
d. 2021 के अधिनियम सं. 10 द्वारा
103. कतिपय मामलों में प्रतिकर के लिए दावों के बारे में विकल्प किस धारा से सम्बंधित है?
a. धारा 166
b. धारा 167
c. धारा 168
d. धारा 169
104. धारा 167 के अनुसार यदि किसी व्यक्ति की मृत्यु या शारीरिक क्षति के लिए दो अधिनियमों के अंतर्गत प्रतिकर का दावा बनता है, तो वह किसके अंतर्गत दावा कर सकता है?
a. दोनों अधिनियमों के अंतर्गत
b. किसी भी अधिनियम के अंतर्गत नहीं
c. दोनों में से किसी एक अधिनियम के अंतर्गत
d. केवल मोटर वाहन अधिनियम के अंतर्गत
105. धारा 167 के अनुसार एक ही दुर्घटना के लिए प्रतिकर का दावा कितने अधिनियमों के अंतर्गत किया जा सकता है?
a. दो अधिनियमों के अंतर्गत
b. तीन अधिनियमों के अंतर्गत
c. केवल एक अधिनियम के अंतर्गत
d. किसी भी संख्या में अधिनियमों के अंतर्गत
106. धारा 167 में किस अन्य अधिनियम का उल्लेख किया गया है?
a. भारतीय उत्तराधिकार अधिनियम, 1925
b. कर्मचारी राज्य बीमा अधिनियम, 1948
c. कर्मकार प्रतिकर अधिनियम, 1923
d. लोक दायित्व बीमा अधिनियम, 1991
107. धारा 167 के अनुसार विकल्प किसे दिया गया है?
a. बीमाकर्ता को
b. राज्य सरकार को
c. प्रतिकर पाने के हकदार व्यक्ति को
d. दावा अधिकरण को
108. धारा 167 के अनुसार विकल्प का प्रयोग किस स्थिति में होता है?
a. केवल संपत्ति की क्षति होने पर
b. जब दुर्घटना से मृत्यु या शारीरिक क्षति हुई हो
c. केवल वाहन चोरी होने पर
d. केवल बीमा विवाद होने पर
109. धारा 167 के अनुसार दोनों अधिनियमों के अंतर्गत दावा करने की अनुमति क्यों नहीं है?
a. क्योंकि बीमाकर्ता इसकी अनुमति नहीं देता
b. क्योंकि दावा अधिकरण इसकी अनुमति नहीं देता
c. क्योंकि कानून इसकी अनुमति नहीं देता
d. क्योंकि राज्य सरकार इसकी अनुमति नहीं देती
110. धारा 167 के अनुसार प्रतिकर का दावा किस अध्याय के उपबंधों पर प्रतिकूल प्रभाव डाले बिना किया जाएगा?
a. अध्याय VIII
b. अध्याय IX
c. अध्याय X
d. अध्याय XI
111. धारा 167 के अंतर्गत यदि किसी व्यक्ति ने एक अधिनियम के अंतर्गत दावा कर दिया है तो वह दूसरे अधिनियम के अंतर्गत क्या कर सकता है?
a. पुनः दावा कर सकता है
b. अपील कर सकता है
c. दावा नहीं कर सकता
d. विशेष अनुमति से दावा कर सकता है
112. दावा अधिकरणों का अधिनिर्णय किस धारा से सम्बंधित है?
a. धारा 166
b. धारा 167
c. धारा 168
d. धारा 169
113. धारा 168 के अनुसार प्रतिकर के आवेदन की जांच कौन करता है?
a. पुलिस अधिकारी
b. बीमाकर्ता
c. दावा अधिकरण
d. राज्य सरकार
114. धारा 168 के अनुसार दावा अधिकरण प्रतिकर का अधिनिर्णय करने से पहले किसे सूचना देता है?
a. केवल वाहन स्वामी को
b. केवल चालक को
c. बीमाकर्ता को
d. परिवहन प्राधिकारी को
115. धारा 168 के अनुसार दावा अधिकरण किन्हें सुनवाई का अवसर देता है?
a. केवल दावाकर्ता को
b. केवल बीमाकर्ता को
c. केवल प्रतिवादी को
d. सभी पक्षकारों को (जिसमें बीमाकर्ता भी शामिल है)
116. धारा 168 के अनुसार दावा अधिकरण प्रतिकर की कितनी राशि निर्धारित करेगा?
a. जो दावाकर्ता मांगता है
b. जो बीमाकर्ता प्रस्तावित करता है
c. जो उसे न्यायसंगत प्रतीत हो
d. जो राज्य सरकार निर्धारित करे
117. धारा 168 के अनुसार प्रतिकर की राशि कौन दे सकता है?
a. केवल बीमाकर्ता
b. केवल वाहन स्वामी
c. केवल चालक
d. बीमाकर्ता, वाहन का स्वामी या चालक
118. धारा 168 के अनुसार दावा अधिकरण धारा 163 के उपबंधों के अधीन रहते हुए अधिनिर्णय देगा, यह किस संशोधन द्वारा जोड़ा गया?
a. 2018 के अधिनियम सं. 31 की धारा 54 द्वारा
b. 2019 के अधिनियम सं. 32 की धारा 54 द्वारा (1-4-2022 से)
c. 2020 के अधिनियम सं. 15 की धारा 54 द्वारा
d. 2021 के अधिनियम 10 की धारा 54 द्वारा
119. धारा 168(1) का परंतुक कब लोप किया गया?
a. 2018 के अधिनियम सं. 31 द्वारा
b. 2019 के अधिनियम सं. 32 की धारा 54 द्वारा (1-4-2022 से)
c. 2020 के अधिनियम सं. 15 द्वारा
d. 2021 के अधिनियम सं. 10 द्वारा
120. धारा 168 के अनुसार दावा अधिकरण अधिनिर्णय की प्रतियां कितने समय के भीतर संबंधित पक्षकारों को प्रदान करेगा?
a. 7 दिन
b. 15 दिन
c. 30 दिन
d. 60 दिन
121. धारा 168 के अनुसार अधिनिर्णीत राशि जमा करने की समय सीमा क्या है?
a. 15 दिन
b. 30 दिन
c. 45 दिन
d. 60 दिन
122. धारा 168 के अनुसार अधिनिर्णीत राशि किसके द्वारा जमा की जाती है?
a. दावाकर्ता द्वारा
b. दावा अधिकरण द्वारा
c. वह व्यक्ति जिससे अधिनिर्णय के अनुसार भुगतान अपेक्षित है
d. राज्य सरकार द्वारा
123. धारा 168 के अनुसार दावा अधिकरण को प्रतिकर निर्धारित करते समय किन उपबंधों के अधीन रहना होता है?
a. धारा 161
b. धारा 162
c. धारा 163
d. धारा 164
124. धारा 168 के अनुसार दावा अधिकरण अधिनिर्णय में क्या स्पष्ट करता है?
a. केवल दुर्घटना का कारण
b. केवल पक्षकारों के नाम
c. प्रतिकर की राशि और उसे प्राप्त करने वाले व्यक्ति
d. केवल बीमा पालिसी का विवरण
125. दावा अधिकरणों की प्रक्रिया और शक्तियां किस धारा से सम्बंधित हैं?
a. धारा 167
b. धारा 168
c. धारा 169
d. धारा 170
126. धारा 169(1) के अनुसार दावा अधिकरण जांच करते समय किस प्रकार की प्रक्रिया का अनुसरण करता है?
a. नियमित सिविल प्रक्रिया
b. आपराधिक प्रक्रिया
c. संक्षिप्त प्रक्रिया
d. विशेष न्यायिक प्रक्रिया
127. धारा 169(2) के अनुसार दावा अधिकरण को साक्ष्य लेने की कौन-सी शक्ति प्राप्त है?
a. लिखित साक्ष्य लेना
b. इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य लेना
c. शपथ पर साक्ष्य लेना
d. केवल दस्तावेजी साक्ष्य लेना
128. धारा 169(2) के अनुसार दावा अधिकरण को साक्षियों के संबंध में क्या शक्ति प्राप्त है?
a. केवल पूछताछ करने की
b. साक्षियों को हाजिर कराने की
c. साक्षियों को गिरफ्तार करने की
d. साक्षियों को दंडित करने की
129. धारा 169(2) के अनुसार दावा अधिकरण को दस्तावेजों और भौतिक वस्तुओं के संबंध में क्या शक्ति होती है?
a. केवल निरीक्षण की
b. केवल जब्ती की
c. उनका प्रकटीकरण और पेशी कराने की
d. केवल अभिरक्षा में रखने की
130. धारा 169(2) के अनुसार दावा अधिकरण को किन प्रयोजनों के लिए सिविल न्यायालय माना जाएगा?
a. केवल सिविल प्रक्रिया संहिता के प्रयोजनों के लिए
b. केवल साक्ष्य अधिनियम के प्रयोजनों के लिए
c. दंड प्रक्रिया संहिता, 1973 की धारा 195 और अध्याय 26 के प्रयोजनों के लिए
d. केवल मोटर वाहन अधिनियम के प्रयोजनों के लिए
131. धारा 169(2) के अनुसार भारतीय न्याय संहिता के अंतर्गत दावा अधिकरण को किन प्रयोजनों के लिए सिविल न्यायालय माना जाएगा?
a. धारा 100 और अध्याय 10
b. धारा 195 और अध्याय 20
c. धारा 215 और अध्याय 26
d. धारा 300 और अध्याय 30
132. धारा 169(3) के अनुसार दावा अधिकरण जांच में सहायता के लिए किसे चुन सकता है?
a. केवल अधिवक्ताओं को
b. केवल सरकारी अधिकारियों को
c. विशेष ज्ञान रखने वाले एक या अधिक व्यक्तियों को
d. केवल पुलिस अधिकारियों को
133. धारा 169(4) के अनुसार अधिनिर्णय के प्रवर्तन के लिए दावा अधिकरण को किसकी शक्तियां प्राप्त होती हैं?
a. आपराधिक न्यायालय की
b. राजस्व न्यायालय की
c. सिविल न्यायालय की
d. उच्च न्यायालय की
134. धारा 169(4) के अनुसार दावा अधिकरण के अधिनिर्णय को किसके समान माना जाएगा?
a. आपराधिक न्यायालय के आदेश के समान
b. राजस्व न्यायालय की डिक्री के समान
c. सिविल वाद में पारित धन के संदाय के लिए डिक्री के समान
d. मध्यस्थता पंचाट के समान
135. धारा 169 के अंतर्गत दावा अधिकरण को कौन-सी शक्तियां दी गई हैं?
a. केवल प्रशासनिक शक्तियां
b. केवल जांच संबंधी शक्तियां
c. सिविल न्यायालय की विभिन्न शक्तियां
d. केवल दंडात्मक शक्तियां
136. धारा 169(4) को मोटर यान (संशोधन) अधिनियम, 2019 द्वारा कब से लागू किया गया?
a. 1 जनवरी 2020
b. 1 जुलाई 2021
c. 1 अप्रैल 2022
d. 1 जनवरी 2023
137. कतिपय मामलों में बीमाकर्ता को पक्षकार बनाया जाना किस धारा से सम्बंधित है?
a. धारा 168
b. धारा 169
c. धारा 170
d. धारा 171
138. धारा 170 के अनुसार दावा अधिकरण बीमाकर्ता को कब पक्षकार बना सकता है?
a. जब बीमाकर्ता स्वयं आवेदन करे
b. जब वाहन स्वामी अनुपस्थित हो
c. जब दावा करने वाले और प्रतिवादी के बीच दुरभिसंधि हो या प्रतिवादी दावा का विरोध न करे
d. जब पुलिस रिपोर्ट प्रस्तुत न हो
139. धारा 170 के अनुसार बीमाकर्ता को पक्षकार बनाने से पहले दावा अधिकरण क्या करता है?
a. राज्य सरकार से अनुमति लेता है
b. बीमाकर्ता को नोटिस भेजता है
c. कारणों को लेखबद्ध करता है
d. दावा निरस्त कर देता है
140. धारा 170 के अनुसार यदि दावा करने वाले और प्रतिवादी के बीच क्या हो तो बीमाकर्ता को पक्षकार बनाया जा सकता है?
a. समझौता
b. मध्यस्थता
c. दुरभिसंधि (Collusion)
d. अपील
141. धारा 170 के अनुसार बीमाकर्ता दावे का विरोध किन आधारों पर कर सकता है?
a. केवल बीमा पालिसी की शर्तों के आधार पर
b. केवल प्रीमियम भुगतान के आधार पर
c. उन सभी आधारों पर जो प्रतिवादी को उपलब्ध हैं
d. केवल तकनीकी आधारों पर
142. धारा 170 के अनुसार बीमाकर्ता के अधिकार किस धारा के उपबंधों पर प्रतिकूल प्रभाव डाले बिना होते हैं?
a. धारा 147(2)
b. धारा 149(2)
c. धारा 150(2)
d. धारा 168(1)
143. धारा 170 के अंतर्गत बीमाकर्ता को पक्षकार बनाने का अधिकार किसके पास होता है?
a. राज्य सरकार
b. उच्च न्यायालय
c. दावा अधिकरण
d. परिवहन प्राधिकारी
144. मोटर यान (संशोधन) अधिनियम, 2019 द्वारा धारा 170 में किस धारा को प्रतिस्थापित किया गया?
a. धारा 147
b. धारा 149
c. धारा 150
d. धारा 168
145. जहां दावा मंजूर किया गया है वहां ब्याज दिलाना किस धारा से सम्बंधित है?
a. धारा 169
b. धारा 170
c. धारा 171
d. धारा 172
146. धारा 171 के अनुसार ब्याज देने का आदेश कौन दे सकता है?
a. राज्य सरकार
b. बीमाकर्ता
c. दावा अधिकरण
d. उच्च न्यायालय
147. धारा 171 के अनुसार जब दावा अधिकरण प्रतिकर के दावे को मंजूर करता है, तब वह क्या निदेश दे सकता है?
a. केवल प्रतिकर राशि का भुगतान
b. प्रतिकर राशि के साथ साधारण ब्याज का भुगतान
c. केवल दंड का भुगतान
d. केवल न्यायालय व्यय का भुगतान
148. धारा 171 के अनुसार ब्याज किस प्रकार का हो सकता है?
a. चक्रवृद्धि ब्याज
b. दंडात्मक ब्याज
c. साधारण ब्याज
d. वाणिज्यिक ब्याज
149. धारा 171 के अनुसार ब्याज की दर कौन विनिर्दिष्ट करता है?
a. राज्य सरकार
b. केन्द्रीय सरकार
c. दावा अधिकरण
d. बीमाकर्ता
Download The Motor Vehicle Act MCQs Set- 11 PDF