सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000 MCQs Set-2

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Bihar Judiciary (PCS-J) Preparation Bihar Assistant Prosecution Officer (APO) Preparation

 

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1. प्रकटीकरण (Disclosure) किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 34

b. धारा 33

c. धारा 32

d. धारा 35

 

2. धारा 34 के तहत प्रकटीकरण कौन करता है?

a. न्यायालय

b. उपयोगकर्ता

c. प्रमाणन प्राधिकरण

d. राज्य सरकार

 

3. धारा 34 के तहत प्रमाणन प्राधिकरण क्या प्रकट करता है?

a. केवल लाइसेंस

b. इलेक्ट्रॉनिक हस्ताक्षर प्रमाणपत्र और प्रमाणन अभ्यास विवरण

c. केवल उपयोगकर्ता डेटा

d. केवल शुल्क विवरण

 

4. धारा 34 के तहत किसकी सूचना देना आवश्यक है?

a. केवल नियुक्ति

b. केवल नवीकरण

c. प्रमाणन प्राधिकरण प्रमाणपत्र के निरसन या निलंबन की सूचना

d. केवल आवेदन

 

5. प्रमाणकर्ता प्राधिकारी द्वारा इलेक्ट्रॉनिक हस्ताक्षर प्रमाणपत्र जारी करना किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 33

b. धारा 34

c. धारा 35

d. धारा 36

 

6. धारा 35 के अनुसार इलेक्ट्रॉनिक हस्ताक्षर प्रमाणपत्र जारी करने के लिए कौन जिम्मेदार है?

a. राज्य सरकार

b. न्यायालय

c. प्रमाणन प्राधिकरण

d. उपयोगकर्ता

 

7. धारा 35 के तहत इलेक्ट्रॉनिक हस्ताक्षर प्रमाणपत्र के लिए आवेदन कौन कर सकता है?

a. केवल सरकारी अधिकारी

b. केवल कंपनियाँ

c. कोई भी व्यक्ति

d. केवल न्यायालय

 

8. धारा 35 के अनुसार आवेदन के साथ अधिकतम कितनी फीस देय है?

a. ₹10,000

b. ₹20,000

c. ₹25,000

d. ₹50,000

 

9. धारा 35 के अनुसार आवेदन के साथ क्या संलग्न होना आवश्यक है?

a. पहचान पत्र

b. प्रमाणन अभ्यास विवरण

c. निवास प्रमाण

d. केवल आवेदन पत्र

 

10. धारा 35 के अनुसार आवेदन प्राप्त होने पर प्रमाणन प्राधिकरण क्या कर सकता है?

a. तुरंत अस्वीकार कर सकता है

b. बिना जांच के स्वीकृत कर सकता है

c. जांच के बाद प्रमाणपत्र जारी या कारण सहित अस्वीकार कर सकता है

d. केवल न्यायालय को भेज सकता है

 

11. क्या बिना आवेदक को सुनवाई का अवसर दिए आवेदन अस्वीकार किया जा सकता है?

a. हाँ

b. नहीं

c. केवल विशेष मामलों में

d. न्यायालय की अनुमति से

 

12. अंकीय चिह्नक प्रमाणपत्र जारी करने पर व्यपदेशन किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 35

b. धारा 36

c. धारा 37

d. धारा 38

 

13. धारा 36 के अनुसार डिजिटल हस्ताक्षर प्रमाणपत्र जारी करते समय प्रमाणन प्राधिकारी क्या प्रमाणित करता है?

a. केवल आवेदन प्राप्त हुआ है

b. इस अधिनियम के प्रावधानों का अनुपालन किया गया है

c. केवल शुल्क जमा हुआ है

d. केवल पहचान सत्यापित है

 

14. धारा 36 के अनुसार प्रमाणन प्राधिकारी क्या सुनिश्चित करता है?

a. प्रमाणपत्र प्रकाशित या उपलब्ध कराया गया है और ग्राहक ने स्वीकार किया है

b. केवल प्रमाणपत्र तैयार किया गया है

c. केवल आवेदन स्वीकार किया गया है

d. केवल डेटा संग्रह किया गया है

 

15. धारा 36 के अनुसार ग्राहक के संबंध में क्या प्रमाणित किया जाता है?

a. उसके पास केवल सार्वजनिक कुंजी है

b. उसके पास सार्वजनिक और निजी कुंजी का कार्यशील युग्म है

c. उसके पास केवल पासवर्ड है

d. उसके पास कोई कुंजी नहीं है

 

16. धारा 36 के अनुसार प्रमाणपत्र में दी गई जानकारी के बारे में क्या प्रमाणित किया जाता है?

a. अनुमानित है

b. अपूर्ण है

c. सटीक है

d. असत्य है

 

17. धारा 36 के अनुसार डिजिटल हस्ताक्षर प्रमाणपत्र को कब निलंबित किया जा सकता है?

a. किसी भी समय बिना कारण

b. केवल न्यायालय के आदेश से

c. ग्राहक या उसके विधिवत अधिकृत व्यक्ति के अनुरोध पर

d. केवल सरकार के आदेश से

 

18. अंकीय चिह्नक प्रमाणपत्र का निलंबन किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 36

b. धारा 37

c. धारा 38

d. धारा 39

 

19. धारा 37 के अंतर्गत डिजिटल हस्ताक्षर प्रमाणपत्र के निलंबन पर प्रमाणन प्राधिकारी किसे सूचना देता है?

a. न्यायालय को

b. सरकार को

c. ग्राहक को

d. पुलिस को

 

20. अंकीय चिह्नक प्रमाणपत्र का प्रतिसंहरण किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 37

b. धारा 38

c. धारा 39

d. धारा 40

 

21. धारा 38 के अंतर्गत डिजिटल हस्ताक्षर प्रमाणपत्र को कौन रद्द कर सकता है?

a. ग्राहक

b. न्यायालय

c. प्रमाणन प्राधिकरण

d. सरकार

 

22. धारा 38 के अनुसार प्रमाणन प्राधिकारी डिजिटल हस्ताक्षर प्रमाणपत्र कब रद्द कर सकता है?

a. बिना कारण

b. केवल न्यायालय के आदेश पर

c. ग्राहक या अन्य व्यक्ति के अनुरोध पर या अभिदाता की मृत्यु/फर्म विघटन/कंपनी समापन पर

d. केवल पुलिस रिपोर्ट पर

 

23. निलंबन या प्रतिसंहरण की सूचना किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 37

b. धारा 38

c. धारा 40

d. धारा 39

 

24. धारा 39 के अनुसार निलंबन या निरसन की सूचना कहाँ प्रकाशित की जाती है?

a. न्यायालय में

b. सरकारी राजपत्र में

c. डिजिटल हस्ताक्षर प्रमाणपत्र में निर्दिष्ट भंडार में

d. पुलिस स्टेशन में

 

25. कुंजी-युग्म का उत्पादित किया जाना किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 39

b. धारा 40

c. धारा 41

d. धारा 42

 

26. धारा 40 के तहत कुंजी जोड़ी बनाने का उद्देश्य क्या है?

a. केवल पहचान स्थापित करना

b. सुरक्षित डेटा संचरण की अनुमति देना

c. केवल डेटा संग्रह करना

d. केवल प्रमाणपत्र जारी करना

 

27. धारा 40 के अनुसार कुंजी-युग्म में क्या शामिल होता है?

a. केवल निजी कुंजी

b. केवल सार्वजनिक कुंजी

c. एक निजी कुंजी और एक सार्वजनिक कुंजी

d. पासवर्ड और कोड

 

28. धारा 40 के तहत डिजिटल हस्ताक्षर प्रणाली में कुंजी-युग्म उत्पन्न करने के लिए कौन जिम्मेदार है?

a. प्रमाणन प्राधिकरण

b. न्यायालय

c. ग्राहक

d. सरकार

 

29. इलैक्ट्रानिक चिह्नक प्रमाणपत्र के उपयोगकर्ता के कर्तव्य किस धारा में परिभाषित हैं?

a. धारा 40

b. धारा 40A(क)

c. धारा 41

d. धारा 42

 

30. धारा 40A(क) के अनुसार इलेक्ट्रॉनिक हस्ताक्षर प्रमाणपत्र के ग्राहक का क्या कर्तव्य है?

a. केवल प्रमाणपत्र प्राप्त करना

b. प्रमाणपत्र का नवीकरण करना

c. अभिदाता को ऐसे कर्तव्यों का पालन करना होगा जो निर्धारित किए जा सकते हैं

d. केवल हस्ताक्षर करना

 

31. अंकीय चिह्नक प्रमाणपत्र की स्वीकृति किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 40

b. धारा 41

c. धारा 42

d. धारा 43

 

32. धारा 41 के अनुसार अभिदाता को डिजिटल हस्ताक्षर प्रमाणपत्र स्वीकार करने वाला कब माना जाएगा?

a. जब वह आवेदन करे

b. जब वह शुल्क जमा करे

c. जब वह प्रमाणपत्र प्रकाशित करे या उसके प्रकाशन को अधिकृत करे (एक या अधिक व्यक्तियों को या भंडार में)

d. जब न्यायालय आदेश दे

 

33. धारा 41 के अनुसार डिजिटल हस्ताक्षर प्रमाणपत्र स्वीकार करके ग्राहक क्या प्रमाणित करता है?

a. उसके पास केवल सार्वजनिक कुंजी है

b. उसके पास सार्वजनिक कुंजी के अनुरूप निजी कुंजी है और उसे रखने का अधिकार है

c. उसके पास कोई कुंजी नहीं है

d. केवल आवेदन किया है

 

34. धारा 41 के अनुसार ग्राहक क्या प्रमाणित करता है?

a. प्रमाणपत्र गलत है

b. प्रमाणन प्राधिकारी को दिए गए अभ्यावेदन और जानकारी सत्य हैं

c. केवल आंशिक जानकारी सत्य है

d. कोई जानकारी सत्य नहीं है

 

35. धारा 41 के अनुसार ग्राहक क्या प्रमाणित करता है?

a. केवल सार्वजनिक जानकारी सत्य है

b. केवल निजी जानकारी सत्य है

c. प्रमाणपत्र में दी गई सभी जानकारी जो उसके ज्ञान में है, सत्य है

d. कोई भी जानकारी सत्य नहीं है

 

36. प्राइवेट कुंजी का नियंत्रण किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 41

b. धारा 42

c. धारा 43

d. धारा 44

 

37. धारा 42 के अनुसार निजी कुंजी पर नियंत्रण बनाए रखने की जिम्मेदारी किसकी है?

a. प्रमाणन प्राधिकरण

b. न्यायालय

c. प्रत्येक ग्राहक

d. सरकार

 

38. धारा 42 के अनुसार ग्राहक को निजी कुंजी के संबंध में क्या करना चाहिए?

a. उसे साझा करना चाहिए

b. उसका प्रकटीकरण करना चाहिए

c. उसके नियंत्रण हेतु उचित सावधानी बरतनी और प्रकटीकरण रोकने के सभी कदम उठाने चाहिए

d. उसे नष्ट कर देना चाहिए

 

39. धारा 42 के अनुसार यदि निजी कुंजी से छेड़छाड़ हो जाए तो ग्राहक क्या करेगा?

a. कोई कार्यवाही नहीं करेगा

b. न्यायालय को सूचना देगा

c. बिना विलंब प्रमाणन प्राधिकारी को सूचना देगा

d. पुलिस में शिकायत करेगा

 

40. कंप्यूटर, कंप्यूटर प्रणाली आदि को नुकसान के लिए शास्ति और प्रतिकर किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 43

b. धारा 42

c. धारा 44

d. धारा 45

 

41. धारा 43 के अंतर्गत किन कार्यों के लिए दायित्व उत्पन्न होता है?

a. केवल डेटा संग्रह

b. कंप्यूटर सिस्टम को हैक करना, बिना अनुमति प्रवेश करना, डेटा नष्ट करना

c. केवल ईमेल भेजना

d. केवल लॉगिन करना

 

42. धारा 43(क) के अनुसार बिना अनुमति क्या करने पर दायित्व होगा?

a. केवल देखना

b. कंप्यूटर या नेटवर्क तक पहुँच प्राप्त करना या सुरक्षित करना

c. केवल डाउनलोड करना

d. केवल हटाना

 

43. धारा 43(ख) के अनुसार बिना अनुमति क्या करने पर दायित्व होगा?

a. केवल लॉगिन करना

b. डेटा डाउनलोड, कॉपी या निकालना

c. केवल देखना

d. केवल संग्रह करना

 

44. धारा 43(ग) के अनुसार कौन-सा कार्य दायित्व उत्पन्न करता है?

a. डेटा पढ़ना

b. कंप्यूटर वायरस या संदूषक डालना

c. केवल बैकअप लेना

d. केवल साझा करना

 

45. धारा 43(घ) के अनुसार क्या करने पर दायित्व होगा?

a. डेटा सुरक्षित करना

b. कंप्यूटर/डेटा/प्रोग्राम को नुकसान पहुँचाना

c. केवल उपयोग करना

d. केवल अपडेट करना

 

46. धारा 43(ङ) के अनुसार कौन-सा कार्य दायित्व उत्पन्न करता है?

a. सिस्टम को सुधारना

b. कंप्यूटर सिस्टम को बाधित करना

c. डेटा संग्रह करना

d. लॉगिन करना

 

47. धारा 43(च) के अनुसार क्या करने पर दायित्व होगा?

a. उपयोग की अनुमति देना

b. केवल देखना

c. डेटा साझा करना

d. अधिकृत व्यक्ति को पहुँच से वंचित करना

 

48. धारा 43(छ) के अनुसार कौन-सा कार्य दायित्व उत्पन्न करता है?

a. नियमों का पालन करना

b. नियमों का उल्लंघन करते हुए पहुँच हेतु सहायता देना

c. डेटा सुरक्षित करना

d. केवल संग्रह करना

 

49. धारा 43(ज) के अनुसार क्या करने पर दायित्व होगा?

a. सही बिलिंग करना

b. सेवाओं का शुल्क किसी अन्य के खाते में डालना

c. डेटा सुरक्षित रखना

d. केवल लॉगिन करना

 

50. धारा 43(झ) के अनुसार कौन-सा कार्य दायित्व उत्पन्न करता है?

a. डेटा सुरक्षित रखना

b. सूचना को नष्ट, हटाना, बदलना या उसकी उपयोगिता कम करना

c. केवल संग्रह करना

d. केवल देखना

 

51. धारा 43 के अनुसार बिना अनुमति कंप्यूटर सिस्टम एक्सेस करने पर क्या परिणाम होगा?

a. कोई दंड नहीं

b. केवल चेतावनी

c. शास्ति और प्रतिकर देना होगा

d. केवल निलंबन

 

52. धारा 43 के अंतर्गत कौन-सा कार्य कंप्यूटर को नुकसान पहुँचाने वाला माना जाता है?

a. डेटा सुरक्षित रखना

b. डेटा मिटाना, चुराना या संशोधित करना

c. केवल देखना

d. केवल लॉगिन करना

 

53. धारा 43 के अंतर्गत नुकसान और प्रतिकर से संबंधित प्रसिद्ध मामला कौन-सा है?

a. केशवानंद भारती मामला

b. एमफेसिस बनाम नितिन पांडे

c. मनुका गांधी मामला

d. शायरा बानो मामला

 

54. जानकारी, विवरणी आदि देने में असफल रहने के लिए शास्ति किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 44

b. धारा 43

c. धारा 45

d. धारा 46

 

55. धारा 44 के अंतर्गत सूचना, रिटर्न या रिपोर्ट प्रस्तुत करने में विफलता पर जुर्माना किसके द्वारा लगाया जाता है?

a. न्यायालय

b. पुलिस अधिकारी

c. प्रमाणन प्राधिकरणों के नियंत्रक

d. राज्य सरकार

 

56. धारा 44 के अनुसार सूचना, रिटर्न या रिपोर्ट प्रस्तुत करने में विफलता पर अधिकतम दंड क्या है?

a. ₹5 लाख

b. ₹10 लाख

c. ₹15 लाख

d. ₹20 लाख

 

57. धारा 44(ख) के अनुसार सूचना या रिटर्न प्रस्तुत करने में विफलता पर जुर्माना किस सीमा तक हो सकता है?

a. ₹10,000

b. ₹25,000

c. ₹50,000

d. ₹1,00,000

 

58. धारा 44 के अनुसार खाता बही या अभिलेख बनाए रखने में विफल रहने पर अधिकतम जुर्माना कितना हो सकता है?

a. ₹50,000

b. ₹75,000

c. ₹1,00,000

d. ₹2,00,000

 

59. अवशिष्ट (Residuary Penalty) किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 44

b. धारा 45

c. धारा 46

d. धारा 47

 

60. धारा 45 के अंतर्गत किस स्थिति में अवशिष्ट दंड लागू होता है?

a. जब विशेष दंड दिया गया हो

b. जब किसी उल्लंघन के लिए अलग से दंड का प्रावधान न हो

c. केवल आपराधिक मामलों में

d. केवल सिविल मामलों में

 

61. धारा 45 के अनुसार ऐसे उल्लंघन पर प्रभावित व्यक्ति को अधिकतम कितना जुर्माना दिया जा सकता है?

a. ₹50,000

b. ₹1,00,000

c. ₹5,00,000

d. ₹10,00,000

 

62. धारा 45 के अनुसार मध्यस्थ, कंपनी या निगमित निकाय द्वारा उल्लंघन करने पर अधिकतम जुर्माना कितना हो सकता है?

a. ₹1,00,000

b. ₹5,00,000

c. ₹10,00,000

d. ₹15,00,000

 

63. धारा 45 के अनुसार किसी अन्य व्यक्ति द्वारा उल्लंघन करने पर अधिकतम जुर्माना कितना हो सकता है?

a. ₹50,000

b. ₹1,00,000

c. ₹2,00,000

d. ₹5,00,000

 

64. धारा 45 के अनुसार नियम या विनियम के उल्लंघन पर, जहाँ पृथक दंड का प्रावधान नहीं है, क्या दंड होगा?

a. कोई दंड नहीं

b. केवल चेतावनी

c. प्रभावित व्यक्ति को अधिकतम ₹1 लाख तथा मध्यस्थ/कंपनी द्वारा ₹10 लाख या अन्य व्यक्ति द्वारा ₹1 लाख तक जुर्माना

d. केवल कारावास

 

65. न्यायनिर्णयन करने की शक्ति किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 45

b. धारा 46

c. धारा 47

d. धारा 48

 

66. धारा 46 के तहत मामलों का निर्णय करने के लिए कौन अधिकृत होता है?

a. न्यायालय

b. पुलिस अधिकारी

c. निर्णायक अधिकारी

d. राज्यपाल

 

67. धारा 46 के अनुसार केन्द्रीय सरकार किसे न्यायनिर्णायक अधिकारी नियुक्त कर सकती है?

a. किसी भी कर्मचारी को

b. भारत सरकार के निदेशक स्तर या राज्य सरकार के समकक्ष पद से नीचे का अधिकारी नहीं

c. केवल न्यायाधीश को

d. केवल पुलिस अधिकारी को

 

68. धारा 46 के अनुसार न्यायनिर्णायक अधिकारी किन मामलों में अधिकारिता का प्रयोग करेगा?

a. सभी मामलों में

b. केवल आपराधिक मामलों में

c. जहां क्षति का दावा ₹5 करोड़ तक हो

d. केवल दीवानी मामलों में

 

69. यदि क्षति का दावा ₹5 करोड़ से अधिक हो तो अधिकारिता किसकी होगी?

a. पुलिस

b. निर्णायक अधिकारी

c. सक्षम न्यायालय

d. राज्य सरकार

 

70. धारा 46 के अनुसार न्यायनिर्णायक अधिकारी की नियुक्ति के लिए क्या आवश्यक है?

a. केवल प्रशासनिक अनुभव

b. केवल तकनीकी ज्ञान

c. सूचना प्रौद्योगिकी एवं विधिक/न्यायिक अनुभव

d. कोई अनुभव आवश्यक नहीं

 

71. न्यायनिर्णायक अधिकारी द्वारा विचार की जाने वाली बातें किस धारा से संबंधित हैं?

a. धारा 46

b. धारा 49

c. धारा 48

d. धारा 47

 

72. धारा 47 के अनुसार मुआवजे की मात्रा निर्धारित करते समय न्यायनिर्णायक अधिकारी किस पर विचार करेगा?

a. केवल आरोपी की आय

b. चूक से प्राप्त अनुचित लाभ की राशि (जहाँ परिमाणात्मक हो)

c. केवल न्यायालय के निर्देश

d. केवल शिकायत

 

73. धारा 47 के अनुसार न्यायनिर्णायक अधिकारी किस अन्य कारक पर विचार करेगा?

a. केवल अपराध का समय

b. चूक से किसी व्यक्ति को हुई हानि की राशि

c. केवल आरोपी का पद

d. केवल स्थान

 

74. धारा 47 के अनुसार न्यायनिर्णायक अधिकारी किस अन्य तत्व पर विचार करेगा?

a. आरोपी की उम्र

b. चूक की दोहरावपूर्ण प्रकृति

c. केवल आय

d. केवल गवाह

 

75. अपील अधिकरण की स्थापना किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 47

b. धारा 48

c. धारा 49

d. धारा 50

 

76. धारा 48 के तहत न्यायनिर्णायक अधिकारी के निर्णयों के विरुद्ध अपील कौन सुनता है?

a. उच्च न्यायालय

b. सर्वोच्च न्यायालय

c. अपीलीय न्यायाधिकरण

d. जिला न्यायालय

 

77. इस अधिनियम के प्रयोजनों के लिए अपीलीय न्यायाधिकरण कौन होगा?

a. उच्च न्यायालय

b. केंद्रीय सरकार

c. दूरसंचार विवाद निपटान और अपीलीय न्यायाधिकरण (TDSAT)

d. लोक अदालत

 

78. धारा 48 को किस संशोधन द्वारा प्रतिस्थापित किया गया?

a. सूचना प्रौद्योगिकी संशोधन अधिनियम, 2000

b. वित्त अधिनियम, 2017

c. भारतीय दंड संहिता संशोधन

d. दूरसंचार अधिनियम, 1997

 

79. अपील अधिकरण को अपील किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 48

b. धारा 57

c. धारा 58

d. धारा 59

 

80. धारा 57 के तहत अपीलीय न्यायाधिकरण में किसके आदेश के विरुद्ध अपील की जा सकती है?

a. केवल न्यायालय

b. केवल पुलिस

c. नियंत्रक या न्यायनिर्णायक अधिकारी

d. केवल राज्य सरकार

 

81. धारा 57 के अनुसार अपील का अधिकार कब उत्पन्न होता है?

a. जब आदेश पारित न हो

b. जब कोई व्यक्ति न्यायनिर्णायक अधिकारी के आदेश से व्यथित हो

c. केवल आपराधिक मामलों में

d. केवल सरकारी मामलों में

 

82. क्या पक्षकारों की सहमति से दिए गए आदेश के विरुद्ध अपील की जा सकती है?

a. हाँ

b. नहीं

c. केवल न्यायालय की अनुमति से

d. केवल सरकार की अनुमति से

 

83. धारा 57 के अनुसार अपील कौन दायर कर सकता है?

a. केवल सरकार

b. केवल पुलिस

c. आदेश से व्यथित कोई भी व्यक्ति या पक्ष

d. केवल न्यायालय

 

84. धारा 57 के अनुसार अपील कितने समय के भीतर दायर की जाएगी?

a. 30 दिन

b. 60 दिन

c. 45 दिन

d. 90 दिन

 

85. धारा 57 के अनुसार अपील का निपटान करने का प्रयास कितने समय में किया जाएगा?

a. 3 महीने

b. 6 महीने

c. 1 वर्ष

d. 45 दिन

 

86. अपील अधिकरण की शक्तियां और प्रक्रिया किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 57

b. धारा 58

c. धारा 59

d. धारा 60

 

87. धारा 58 के अनुसार अपीलीय न्यायाधिकरण किस प्रक्रिया का पालन करेगा?

a. आपराधिक प्रक्रिया संहिता, 1973

b. सिविल प्रक्रिया संहिता, 1908

c. भारतीय दंड संहिता

d. साक्ष्य अधिनियम

 

88. धारा 58 के तहत अपीलीय न्यायाधिकरण को कौन-सी शक्तियां प्राप्त हैं?

a. केवल आदेश पारित करना

b. शपथ पर साक्ष्य लेना, गवाहों को बुलाना, दस्तावेजों की जांच करना

c. केवल जुर्माना लगाना

d. केवल अपील स्वीकार करना

 

89. धारा 58 के अनुसार अपीलीय न्यायाधिकरण क्या कर सकता है?

a. केवल नोटिस जारी करना

b. व्यक्ति को बुलाना, उपस्थिति सुनिश्चित करना, शपथ पर परीक्षा करना तथा दस्तावेजों की मांग करना

c. केवल सुनवाई करना

d. केवल रिपोर्ट बनाना

 

90. धारा 58 के अनुसार अपीलीय न्यायाधिकरण क्या अतिरिक्त कार्य कर सकता है?

a. शपथपत्र पर साक्ष्य लेना, कमीशन जारी करना, अपने निर्णयों की समीक्षा करना, एकपक्षीय निर्णय देना

b. केवल अपील खारिज करना

c. केवल दंड देना

d. केवल जांच करना

 

91. धारा 58 के अनुसार अपीलीय न्यायाधिकरण को क्या अधिकार है?

a. केवल सुनवाई करना

b. साक्ष्य/दस्तावेज प्रस्तुत करने का निर्देश देना, नए साक्ष्य पर आदेश पलटना, अनुपालन लागू करना

c. केवल आदेश लिखना

d. केवल नोटिस देना

 

92. धारा 58 के तहत अपीलीय न्यायाधिकरण किससे रिकॉर्ड मांग सकता है?

a. पुलिस अधिकारी

b. न्यायालय

c. निर्णायक अधिकारी

d. राज्य सरकार

 

93. धारा 58 के अनुसार अपीलीय न्यायाधिकरण की शक्तियां किस प्रकार की हैं?

a. सीमित और पुनरीक्षणीय

b. अनन्य और समीक्षा के अधीन नहीं

c. केवल प्रशासनिक

d. केवल सलाहकारी

 

94. विधिक प्रतिनिधित्व का अधिकार किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 58

b. धारा 59

c. धारा 60

d. धारा 61

 

95. धारा 59 के तहत किसी व्यक्ति को क्या अधिकार प्राप्त है?

a. केवल न्यायालय में उपस्थित होने का

b. वकील द्वारा प्रतिनिधित्व, कानूनी प्रतिनिधि नियुक्त करने तथा स्वयं प्रतिनिधित्व करने का

c. केवल लिखित आवेदन देने का

d. केवल अपील करने का

 

96. धारा 59 के अनुसार यदि कोई व्यक्ति वकील द्वारा प्रतिनिधित्व नहीं करवाना चाहता है तो वह क्या कर सकता है?

a. अपील वापस ले सकता है

b. केवल लिखित बयान दे सकता है

c. कार्यवाही में व्यक्तिगत रूप से उपस्थित रह सकता है

d. कोई कार्यवाही नहीं कर सकता

 

97. परिसीमा (Limitation) किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 59

b. धारा 60

c. धारा 61

d. धारा 62

 

98. धारा 60 के अनुसार सीमा अधिनियम, 1963 के उपबंध कहाँ लागू होते हैं?

a. केवल न्यायालय में

b. अपीलीय न्यायाधिकरण में की गई अपील पर

c. केवल पुलिस जांच में

d. केवल प्रशासनिक मामलों में

 

99. धारा 60 के अंतर्गत क्या विनियमित किया जाता है?

a. केवल दंड

b. केवल अपील

c. कानूनी कार्यवाही या शिकायत शुरू करने की सीमा

d. केवल जांच

 

100. धारा 60 के अनुसार सीमा अवधि कब से प्रारंभ होती है?

a. अपराध की तिथि से

b. आदेश की तिथि से

c. जब व्यक्ति को अपराध के बारे में जानकारी होती है

d. न्यायालय के आदेश से

 

101. धारा 60 के अनुसार सीमा अवधि कब बढ़ाई जा सकती है?

a. बिना कारण

b. केवल न्यायालय के आदेश से

c. जब अपीलकर्ता देरी का वैध कारण बताता है

d. केवल सरकार की अनुमति से

 

102. सिविल न्यायालय की अधिकारिता का न होना किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 60

b. धारा 61

c. धारा 62

d. धारा 63

 

103. धारा 61 के अनुसार सिविल न्यायालयों के अधिकार क्षेत्र के संबंध में क्या प्रावधान है?

a. सभी मामलों में अधिकार होगा

b. केवल आपराधिक मामलों में अधिकार होगा

c. इस अधिनियम के अंतर्गत आने वाले मामलों में अधिकार नहीं होगा

d. केवल अपील में अधिकार होगा

 

104. धारा 61 के अनुसार किन मामलों में सिविल न्यायालय का क्षेत्राधिकार नहीं होगा?

a. केवल दीवानी विवाद

b. डिजिटल हस्ताक्षर उल्लंघन, अधिनियम के तहत जुर्माने की अपील, तथा अधिनियम के अंतर्गत अपराधों से संबंधित मामले

c. केवल संपत्ति विवाद

d. केवल कर मामलों में

 

105. धारा 61 के अनुसार अधिनियम के उल्लंघन से संबंधित मामलों में अधिकार किसके पास होगा?

a. सिविल न्यायालय

b. पुलिस

c. न्यायनिर्णायक अधिकारी या अपीलीय न्यायाधिकरण

d. राज्य सरकार

 

106. उच्च न्यायालय को अपील किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 62

b. धारा 61

c. धारा 63

d. धारा 64

 

107. धारा 62 के अनुसार उच्च न्यायालय में अपील किसके विरुद्ध की जाती है?

a. न्यायनिर्णायक अधिकारी के आदेश के विरुद्ध

b. अपीलीय न्यायाधिकरण के आदेश के विरुद्ध

c. पुलिस के आदेश के विरुद्ध

d. राज्य सरकार के आदेश के विरुद्ध

 

108. धारा 62 के अनुसार अपील किसके समक्ष दायर की जाएगी?

a. जिला न्यायालय

b. सर्वोच्च न्यायालय

c. उच्च न्यायालय

d. ट्रिब्यूनल

 

109. धारा 62 के अंतर्गत अपील दायर करने की समय-सीमा क्या है?

a. 30 दिन

b. 45 दिन

c. 60 दिन

d. 90 दिन

 

110. धारा 62 के अनुसार उच्च न्यायालय क्या कर सकता है?

a. केवल अपील स्वीकार करना

b. अपीलीय न्यायाधिकरण के आदेश में कानूनी त्रुटि होने पर उसे रद्द करना

c. केवल जुर्माना लगाना

d. केवल सुनवाई करना

 

111. धारा 62 के अनुसार उच्च न्यायालय का निर्णय कैसा होगा?

a. अस्थायी

b. सलाहकारी

c. अंतिम और बाध्यकारी

d. पुनरीक्षणीय

 

112. धारा 62 के अनुसार यदि अपील खारिज हो जाती है तो क्या प्रभाव होगा?

a. मामला पुनः शुरू होगा

b. अपीलीय न्यायाधिकरण का आदेश समाप्त हो जाएगा

c. अपीलीय न्यायाधिकरण का आदेश पुष्टि होकर अंतिम हो जाएगा

d. नया आदेश पारित होगा

 

113. धारा 62 के अनुसार उच्च न्यायालय में अपील कौन दायर कर सकता है?

a. केवल सरकार

b. केवल पुलिस

c. अपीलीय न्यायाधिकरण के निर्णय से व्यथित कोई भी व्यक्ति

d. केवल न्यायालय

 

114. अपराधों का शमन (Compounding of Contraventions) किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 62

b. धारा 63

c. धारा 64

d. धारा 65

 

115. धारा 63 के अनुसार उल्लंघन का शमन किसके द्वारा किया जा सकता है?

a. केवल न्यायालय

b. नियंत्रक या उसके द्वारा अधिकृत अधिकारी या न्यायनिर्णायक अधिकारी

c. केवल पुलिस

d. केवल राज्य सरकार

 

116. धारा 63 के तहत कंपाउंडिंग की प्रक्रिया क्या अनुमति देती है?

a. अनिवार्य अभियोजन

b. बिना किसी अभियोजन के आपसी सहमति से निपटारा

c. केवल कारावास

d. केवल अपील

 

117. धारा 63 के अंतर्गत 'कंपाउंडिंग' का क्या अर्थ है?

a. अपराध को बढ़ाना

b. न्यायालय में अपील करना

c. उल्लंघन पर समझौता या जुर्माना करना

d. केवल चेतावनी देना

 

118. शास्ति या प्रतिकर की वसूली किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 63

b. धारा 64

c. धारा 65

d. धारा 66

 

119. धारा 64 के अनुसार जुर्माना या मुआवजा किस प्रकार वसूला जाता है?

a. केवल न्यायालय के आदेश से

b. केवल पुलिस द्वारा

c. भूमि राजस्व के बकाया के रूप में

d. केवल प्रशासनिक आदेश से

 

120. धारा 64 के अनुसार जुर्माना अदा न होने पर क्या प्रभाव होगा?

a. कोई प्रभाव नहीं

b. केवल चेतावनी दी जाएगी

c. लाइसेंस या इलेक्ट्रॉनिक हस्ताक्षर प्रमाणपत्र निलंबित किया जाएगा

d. केवल अपील होगी

 

121. कंप्यूटर साधन कोड से छेड़छाड़ किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 64

b. धारा 65

c. धारा 66

d. धारा 67

 

122. धारा 65 के अनुसार किसे कंप्यूटर स्रोत दस्तावेजों के साथ छेड़छाड़ करने वाला माना जाता है?

a. जो केवल डेटा देखता है

b. जो जानबूझकर कंप्यूटर स्रोत कोड को छुपाता, नष्ट करता या बदलता है या ऐसा करवाता है

c. जो केवल सिस्टम उपयोग करता है

d. जो केवल बैकअप लेता है

 

123. धारा 65 के अंतर्गत कब यह कृत्य दंडनीय होता है?

a. जब स्रोत कोड आवश्यक न हो

b. जब स्रोत कोड कानून द्वारा रखना आवश्यक हो और उसके साथ छेड़छाड़ की जाए

c. केवल जब न्यायालय आदेश दे

d. केवल जब शिकायत हो

 

124. धारा 65 के अंतर्गत किस प्रकार की मानसिक स्थिति आवश्यक है?

a. लापरवाही

b. अनजाने में

c. जानबूझकर या जानबूझकर (intentionally or knowingly)

d. संदेह मात्र

 

125. कंप्यूटर से संबंधित अपराध किस धारा से संबंधित है?

a. धारा 66

b. धारा 65

c. धारा 67

d. धारा 68

 

126. धारा 66 के अनुसार कब व्यक्ति दंडनीय होता है?

a. केवल लापरवाही पर

b. जब वह बेईमानी या धोखाधड़ी से धारा 43 के कार्य करता है

c. केवल शिकायत पर

d. केवल न्यायालय आदेश पर

 

127. धारा 66 के अंतर्गत दंड क्या है?

a. केवल जुर्माना

b. केवल कारावास

c. तीन वर्ष तक का कारावास या ₹5 लाख तक का जुर्माना या दोनों

d. केवल चेतावनी

 

128. धारा 66 किस प्रकार के अपराध को कवर करती है?

a. केवल सिविल विवाद

b. कंप्यूटर सिस्टम या नेटवर्क तक अनधिकृत पहुँच

c. केवल कर अपराध

d. केवल संपत्ति विवाद

 

129. धारा 66 के अंतर्गत प्रमुख अपराध क्या है?

a. डेटा संग्रह

b. हैकिंग

c. लॉगिन

d. बैकअप

 

130. संसूचना सेवा द्वारा आक्रामक संदेश भेजने के लिए दंड किस धारा में परिभाषित था?

a. धारा 66

b. धारा 66A

c. धारा 67

d. धारा 68

 

131. धारा 66A को किस मामले में निरस्त किया गया?

a. केशवानंद भारती बनाम केरल राज्य

b. श्रेया सिंघल बनाम भारत संघ (2015)

c. मनुका गांधी बनाम भारत संघ

d. नवतेज सिंह जौहर मामला

 

132. धारा 66A को निरस्त करने का आधार क्या था?

a. अनुच्छेद 14 का उल्लंघन

b. अनुच्छेद 21 का उल्लंघन

c. अनुच्छेद 19(1) का उल्लंघन

d. अनुच्छेद 32 का उल्लंघन

 

133. चुराए गए कंप्यूटर संसाधन या संचार युक्ति को बेईमानी से प्राप्त करने के लिए दंड किस धारा में परिभाषित है?

a. धारा 66

b. धारा 66A

c. धारा 66B

d. धारा 67

 

134. धारा 66B के अनुसार कौन दंडनीय होगा?

a. जो केवल कंप्यूटर का उपयोग करता है

b. जो चोरी किए गए कंप्यूटर संसाधन या संचार उपकरण को बेईमानी से प्राप्त या रखता है

c. जो केवल डेटा देखता है

d. जो केवल सिस्टम बंद करता है

 

135. धारा 66B के अंतर्गत दंड क्या है?

a. केवल जुर्माना

b. केवल कारावास

c. तीन वर्ष तक का कारावास या ₹1 लाख तक का जुर्माना या दोनों

d. केवल चेतावनी

 

136. धारा 66B के अंतर्गत दंड के लिए कौन-सी मानसिक स्थिति आवश्यक है?

a. लापरवाही

b. अनजाने में

c. यह जानते हुए या विश्वास करने का कारण रखते हुए कि संसाधन चोरी का है

d. केवल संदेह

 

137. पहचान चोरी के लिए दंड किस धारा में परिभाषित है?

a. धारा 66B

b. धारा 66C

c. धारा 66D

d. धारा 67

 

138. धारा 66C के अनुसार पहचान चोरी का क्या अर्थ है?

a. केवल डेटा देखना

b. किसी की व्यक्तिगत जानकारी का उसकी सहमति के बिना उपयोग करना

c. केवल पासवर्ड बनाना

d. केवल सिस्टम उपयोग करना

 

139. धारा 66C के अंतर्गत कौन-सा कृत्य दंडनीय है?

a. सामान्य उपयोग

b. किसी अन्य व्यक्ति के इलेक्ट्रॉनिक हस्ताक्षर, पासवर्ड या पहचान विशेषता का धोखाधड़ी से उपयोग

c. केवल लॉगिन करना

d. केवल डेटा सेव करना

 

140. धारा 66C के अंतर्गत दंड क्या है?

a. केवल जुर्माना

b. केवल कारावास

c. तीन वर्ष तक का कारावास और ₹1 लाख तक का जुर्माना

d. केवल चेतावनी

 

141. कंप्यूटर संसाधन का उपयोग करके प्रतिरूपण द्वारा खल करने के लिए दंड किस धारा में परिभाषित है?

a. धारा 66C

b. धारा 66D

c. धारा 66E

d. धारा 67

 

142. धारा 66D किसके लिए दंड का प्रावधान करती है?

a. केवल डेटा चोरी

b. कंप्यूटर संसाधनों का उपयोग करके छद्मवेश द्वारा धोखाधड़ी

c. केवल पासवर्ड बदलना

d. केवल सिस्टम उपयोग

 

143. धारा 66D के अंतर्गत छद्मवेश द्वारा धोखाधड़ी में क्या शामिल है?

a. सामान्य उपयोग

b. किसी अन्य की पहचान का उपयोग करके दूसरों को धोखा देना

c. केवल लॉगिन करना

d. केवल डेटा संग्रह

 

144. धारा 66D में "प्रतिरूपण" का क्या अर्थ है?

a. डेटा बनाना

b. सिस्टम चलाना

c. धोखा देने के लिए किसी अन्य का होने का नाटक करना

d. केवल सूचना देना

 

145. धारा 66D के अंतर्गत कौन-सा कार्य दंडनीय है?

a. सामान्य ईमेल भेजना

b. बैंक बनकर धोखाधड़ी ईमेल भेजना या नकली पहचान से खाता खोलना

c. केवल डेटा सेव करना

d. केवल लॉगआउट करना

 

146. धारा 66D कब लागू होती है?

a. जब कोई व्यक्ति सामान्य कार्य करता है

b. जब कोई व्यक्ति लाभ प्राप्त करने के लिए किसी अन्य व्यक्ति या संस्था का रूप धारण करता है

c. केवल शिकायत पर

d. केवल न्यायालय आदेश पर

 

147. धारा 66D के अंतर्गत दंड क्या है?

a. केवल जुर्माना

b. केवल कारावास

c. तीन वर्ष तक का कारावास और ₹1 लाख तक का जुर्माना

d. केवल चेतावनी

 

148. एकांतता के अतिक्रमण के लिए दंड किस धारा में परिभाषित है?

a. धारा 66D

b. धारा 66E

c. धारा 67

d. धारा 68

 

149. धारा 66E किसके लिए दंड का प्रावधान करती है?

a. डेटा चोरी

b. गोपनीयता का उल्लंघन (Violation of Privacy)

c. हैकिंग

d. धोखाधड़ी

 

150. धारा 66E के अंतर्गत कौन-सा कृत्य दंडनीय है?

a. सामान्य फोटो लेना B केवल ईमेल भेजना

b. केवल डेटा सेव करना

c. किसी व्यक्ति की निजी जगह की छवि को उसकी सहमति के बिना कैप्चर, प्रकाशित या प्रसारित करना

d. किसी व्यक्ति की निजी जगह की छवि को उसकी सहमति के बिना कैप्चर, प्रकाशित या प्रसारित करना

 

151. धारा 66E के अंतर्गत किस प्रकार की मानसिक स्थिति आवश्यक है?

a. अनजाने में

b. लापरवाही

c. जानबूझकर या जानबूझकर (intentionally or knowingly)

d. संदेह मात्र

 

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