
माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिक भरण-पोषण एवं कल्याण अधिनियम, 2007
(THE MAINTENANCE AND WELFARE OF PARENTS AND SENIOR CITIZENS ACT, 2007)
(2007 का सं० 56)
(ACT NO. 56 OF 2007)
1. माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिक भरण-पोषण एवं कल्याण अधिनियम, 2007 का अधिनियम क्रमांक क्या है?
a. 2007 का सं० 56
b. 2007 का सं० 57
c. 2007 का सं० 58
d. 2007 का सं० 59
2. राष्ट्रपति की स्वीकृति को प्राप्त हुई?
a. 27 दिसम्बर, 2006
b. 28 दिसम्बर, 2006
c. 29 दिसम्बर, 2007
d. 30 दिसम्बर, 2007
3. माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिक भरण-पोषण एवं कल्याण अधिनियम, 2007 में कितने अध्याय तथा कितनी धाराएं हैं?
a. 8 अध्याय तथा 32 धाराएं
b. 7 अध्याय तथा 32 धाराएं
c. 7 अध्याय तथा 31 धाराएं
d. 8 अध्याय तथा 31 धाराएं
4. मध्य प्रदेश राज्य में इस अधिनियम के प्रवर्तन तथा अधिसूचना की तिथि क्या है?
a. 25 सितम्बर 2012
b. 23 अगस्त 2008
c. 25 सितम्बर 2010
d. 23 अगस्त 2009
5. उत्तर प्रदेश राज्य में इस अधिनियम के प्रवर्तन तथा अधिसूचना की तिथि क्या है?
a. 25 सितम्बर 2012
b. 23 अगस्त 2008
c. 25 सितम्बर 2010
d. 23 अगस्त 2009
6. यह अधिनियम किन व्यक्तियों के भरण-पोषण एवं कल्याण के लिए बनाया गया है?
a. विधवाओं के लिए
b. माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिकों के लिए
c. बच्चों के लिए
d. सार्वजनिक सेवकों के लिए
7. यह अधिनियम संविधान के किस आधार पर मान्य है?
a. कराधान अधिकार
b. मौलिक कर्तव्य
c. प्रत्याभूत एवं मान्य कल्याण सिद्धांत
d. न्यायिक पुनरीक्षण
8. माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिक भरण-पोषण तथा कल्याण विधेयक, 2007 लोकसभा में कब प्रस्तुत किया गया था?
a. 10 मार्च 2007
b. 20 मार्च 2007
c. 27 अप्रैल 2007
d. 15 अगस्त 2007
9. विधेयक किस समिति को परीक्षण और रिपोर्ट हेतु भेजा गया था?
a. रक्षा स्थायी समिति
b. लोक लेखा समिति
c. सामाजिक न्याय एवं सशक्तीकरण स्थायी समिति
d. वित्त समिति
10. समुचित तंत्र किस उद्देश्य के लिए स्थापित किए जाने थे?
a. वृद्धों को दैनिक भोजन उपलब्ध कराने
b. आवश्यकता-आधारित भरण-पोषण प्रदान करने
c. वृद्धावस्था पेंशन वितरण
d. चिकित्सालयों की संख्या बढ़ाने
11. विधेयक में वरिष्ठ नागरिकों को किस सुविधा का उन्नयन प्रस्तावित था?
a. यात्रा सुविधा
b. शिक्षा सुविधा
c. बेहतर चिकित्सीय सुविधा
d. आवासीय सुविधा
12. वृद्धों के जीवन तथा संपत्ति की सुरक्षा हेतु किस प्रकार का तंत्र प्रस्तावित था?
a. धार्मिक संस्था
b. आर्थिक सहायता बोर्ड
c. उपयुक्त संरक्षण तंत्र का संस्थानीकरण
d. बीमा योजना
13. वृद्धावस्था गृहों की स्थापना किस स्तर पर करने का प्रावधान था?
a. तहसील स्तर पर
b. ग्राम स्तर पर
c. राज्य स्तर पर
d. जिला स्तर पर
14. इस अधिनियम का आधिकारिक नाम क्या है?
a. वरिष्ठ नागरिक कल्याण अधिनियम, 2005
b. माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिक भरण-पोषण और कल्याण अधिनियम, 2007
c. वृद्धजन सुरक्षा अधिनियम, 2008
d. परिवार उत्तरदायित्व अधिनियम, 2007
15. अधिनियम का विस्तार कहाँ तक है?
a. केवल राज्यों तक
b. केवल केंद्र शासित प्रदेशों तक
c. सम्पूर्ण भारत पर
d. केवल महानगरों तक
16. यह अधिनियम भारत के नागरिकों पर कहाँ लागू होता है?
a. केवल भारत में
b. भारत के बाहर भी
c. केवल पड़ोसी देशों में
d. केवल विदेश दूतावास में
17. इस अधिनियम से किस शब्द को हटाया गया?
a. “भारत सरकार को छोड़कर”
b. “जम्मू और कश्मीर राज्य को छोड़कर”
c. “उत्तरी राज्यों को छोड़कर”
d. “विशेष क्षेत्रों को छोड़कर”
18. “जम्मू और कश्मीर राज्य को छोड़कर” शब्द किस वर्ष हटाए गए?
a. 2007
b. 2015
c. 2019
d. 2020
19. किस अधिनियम द्वारा यह विलोपन (deletion) किया गया?
a. अधिनियम सं. 12, 2015
b. अधिनियम सं. 34, 2019
c. अधिनियम सं. 08, 2020
d. अधिनियम सं. 51, 2016
20. इस अधिनियम की कौन-सी उपधारा लागू होने की तिथि से संबंधित है?
a. उपधारा (1)
b. उपधारा (2)
c. उपधारा (3)
d. उपधारा (4)
21. अधिनियम के लागू होने की शक्ति किसके पास है?
a. राष्ट्रपति
b. प्रधानमंत्री
c. राज्य सरकार
d. राज्यपाल
22. “सन्तान” शब्द की परिभाषा का उल्लेख किस धारा में किया गया है?
a. धारा 2(क)
b. धारा 2(ख)
c. धारा 2(ग)
d. धारा 2(घ)
23. धारा 2(क) के अनुसार “सन्तान” में निम्न में से कौन शामिल है?
a. पुत्र
b. दामाद
c. भतीजा
d. सौतेला भाई
24. “सन्तान” में निम्न में से कौन-सी श्रेणी सम्मिलित है?
a. पुत्री
b. बहू
c. मौसी
d. चाचा
25. धारा 2(क) के अनुसार “सन्तान” में कौन सम्मिलित है?
a. अवयस्क बच्चा
b. पौत्र
c. दूर का रिश्तेदार
d. पड़ोसी
26. “सन्तान” की परिभाषा में कौन शामिल है?
a. माता-पिता
b. पौत्री
c. दादी
d. फूफा
27. धारा 2(क) में “सन्तान” में किसे शामिल नहीं किया गया है?
a. वयस्क पुत्र
b. अवयस्क बच्चे
c. पौत्र
d. पुत्री
28. धारा 2(क) के अनुसार “सन्तान” की परिभाषा किस कानून के संदर्भ में दी गई है?
a. माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिक भरण-पोषण और कल्याण अधिनियम
b. दंड प्रक्रिया संहिता
c. किशोर न्याय अधिनियम
d. हिंदू विवाह अधिनियम
29. अवयस्क को “सन्तान” से बाहर रखने का मुख्य कारण क्या है?
a. वे कानूनी उत्तरदायित्व निभाने में सक्षम नहीं होते
b. वे विदेश में रहते हैं
c. कर नहीं देते
d. वे पढ़ाई करते हैं
30. निम्न में से कौन “सन्तान” में शामिल नहीं है?
a. पुत्र
b. पुत्री
c. पौत्र
d. भांजा
31. धारा 2(क) के अनुसार भरण-पोषण की जिम्मेदारी किस पर लागू होती है?
a. वयस्क सन्तान पर
b. अवयस्क सन्तान पर
c. दूर के रिश्तेदारों पर
d. सरकारी विभागों पर
32. “सन्तान” की परिभाषा में किन चार व्यक्तियों को सम्मिलित कहा गया है?
a. पुत्र, भाई, बहन, चाचा
b. पुत्र, पुत्री, पौत्र, पौत्री
c. बहू, दामाद, भतीजा, भतीजी
d. मित्र, पड़ोसी, सहयोगी, रिश्तेदार
33. धारा 2(ख) किसकी परिभाषा देती है?
a. सन्तान
b. संपत्ति
c. भरण-पोषण
d. उत्तराधिकार
34. धारा 2(ख) के अनुसार “भरण-पोषण” में किस चीज़ का सम्मिलन है?
a. भोजन
b. कपड़े
c. निवास
d. उपर्युक्त सभी
35. “भरण-पोषण” में कौन-सा तत्व आवश्यक रूप से शामिल है?
a. चिकित्सीय परिचर्या
b. केवल शिक्षा
c. केवल यात्रा सुविधा
d. केवल मनोरंजन
36. भरण-पोषण में निम्न में से कौन शामिल नहीं है?
a. भोजन
b. कपड़े
c. निवास
d. वाहन खरीदना
37. भरण-पोषण में चिकित्सीय सुविधा से क्या आशय है?
a. केवल दवाइयाँ
b. चिकित्सीय परिचर्या और इलाज की व्यवस्था
c. केवल हॉस्पिटल का किराया
d. केवल डॉक्टर से परामर्श
38. भरण-पोषण की परिभाषा किसके हित में दी गई है?
a. केवल बच्चों के लिए
b. माता-पिता और वरिष्ठ नागरिकों के लिए
c. छात्रों के लिए
d. सरकारी कर्मचारियों के लिए
39. भरण-पोषण के अंतर्गत “निवास” का अर्थ है—
a. स्थायी या सुरक्षित रहने की व्यवस्था
b. होटल में रहना
c. किराया माफ करना
d. पर्यटन यात्रा
40. धारा 2(ख) में भरण-पोषण की परिभाषा—
a. संकुचित है
b. व्यापक और समग्र है
c. केवल आर्थिक सहायता तक सीमित है
d. केवल कानूनी सहायता शामिल है
41. भरण-पोषण में कपड़े प्रदान करने का आशय क्या है?
a. केवल त्योहारों में कपड़े देना
b. आवश्यकता अनुसार वस्त्र उपलब्ध कराना
c. फैशन वाले कपड़े देना
d. केवल सर्दियों के कपड़े
42. इलाज की व्यवस्था में क्या शामिल है?
a. केवल ओपीडी
b. केवल दवाइयाँ
c. संपूर्ण चिकित्सा सहायता
d. केवल आयुर्वेदिक इलाज
43. “अवयस्क” शब्द की परिभाषा का उल्लेख किस धारा में किया गया है?
a. धारा 2(क)
b. धारा 2(ख)
c. धारा 2(ग)
d. धारा 2(घ)
44. धारा 2(ग) के अनुसार “अवयस्क” की परिभाषा किस अधिनियम पर आधारित है?
a. भारतीय दंड संहिता
b. वयस्कता अधिनियम, 1875
c. दंड प्रक्रिया संहिता
d. भारतीय साक्ष्य अधिनियम
45. “अवयस्क” किसे माना जाएगा?
a. जिसने स्कूल शिक्षा पूर्ण न की हो
b. जिसने वयस्कता अधिनियम के अनुसार वयस्क आयु प्राप्त न की हो
c. जो आर्थिक रूप से निर्भर हो
d. जो चिकित्सीय रूप से अस्वस्थ हो
46. “अवयस्क” शब्द की कानूनी आयु निर्धारण किस कानून द्वारा होता है?
a. भारतीय विवाह अधिनियम, 1955
b. वयस्कता अधिनियम, 1875
c. किशोर न्याय (बच्चों की देखभाल और संरक्षण) अधिनियम, 2015
d. संपत्ति उत्तराधिकार अधिनियम, 1956
47. वयस्कता अधिनियम, 1875 में निर्धारित आयु सामान्यतः कितनी मानी जाती है?
a. 14 वर्ष
b. 15 वर्ष
c. 16 वर्ष
d. 18 वर्ष
48. धारा 2(ग) के अनुसार “अवयस्क” किस स्थिति पर आधारित श्रेणी है?
a. सामाजिक स्थिति
b. शारीरिक क्षमता
c. कानूनी आयु
d. आर्थिक स्थिति
49. धारा 2(ग) की परिभाषा का प्रयोग किस संदर्भ में होता है?
a. माता-पिता की संपत्ति निर्धारण
b. भरण-पोषण के दायित्व की कानूनी सीमा तय करने में
c. सरकारी नौकरी आयु निर्धारण में
d. पासपोर्ट बनवाने में
50. “अवयस्क” में किस प्रकार के व्यक्ति सम्मिलित नहीं होंगे?
a. जो 18+ हैं
b. जो विवाहित हैं
c. जो सरकारी कर्मचारी हैं
d. जो छात्र हैं
51. धारा 2(घ) किसकी परिभाषा देती है?
a. सन्तान
b. ‘माता-पिता’
c. भरण-पोषण
d. उत्तराधिकार
52. धारा 2(घ) के अनुसार ‘माता-पिता’ की परिभाषा में कौन-कौन शामिल हैं?
a. केवल जैविक माता-पिता
b. केवल दत्तक माता-पिता
c. जैविक, दत्तक एवं सौतेले माता-पिता
d. केवल सौतेले माता-पिता
53. ‘माता-पिता’ शब्द का उपयोग किन संबंधों के लिए मान्य है?
a. केवल रक्त संबंध
b. केवल कानूनी अभिभावक
c. रक्त, दत्तक तथा सौतेले संबंध
d. न तो रक्त, न दत्तक
54. धारा (ङ) में वर्णन है-
a. “विहित”
b. संपत्ति
c. भरण-पोषण
d. उत्तराधिकार
55. धारा 2(ङ) के अनुसार "विहित" शब्द का अर्थ क्या है?
a. केंद्रीय सरकार द्वारा बनाया गया कोई नियम
b. राज्य सरकार द्वारा नियमावली के माध्यम से निर्धारित
c. पंचायत द्वारा बनाए नियम
d. न्यायालय द्वारा जारी आदेश
56. “विहित" शब्द किस अधिनियम के संदर्भ में परिभाषित किया गया है?
a. पर्यावरण अधिनियम
b. उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम
c. माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिक भरण-पोषण व कल्याण अधिनियम
d. किशोर न्याय अधिनियम
57. धारा 2(च) किसकी परिभाषा देती है?
a. सन्तान
b. संपत्ति
c. भरण-पोषण
d. उत्तराधिकार
58. “सम्पत्ति” में किस प्रकार की संपत्ति शामिल है?
a. केवल मूर्त संपत्ति
b. केवल जंगम संपत्ति
c. जंगम, स्थावर, पैतृक या स्वअर्जित, मूर्त और अमूर्त सभी
d. केवल स्थावर और अमूर्त
59. इस धारा में संपत्ति के अधिकार और हित शामिल हैं या नहीं?
a. शामिल नहीं
b. केवल अधिकार शामिल हैं
c. केवल हित शामिल हैं
d. अधिकार और हित दोनों शामिल हैं
60. संपत्ति के प्रकारों में पैतृक संपत्ति का अर्थ क्या है?
a. स्वयं अर्जित संपत्ति
b. परिवार से विरासत में मिली संपत्ति
c. केवल जंगम संपत्ति
d. केवल स्थावर संपत्ति
61. स्वअर्जित संपत्ति का अर्थ है:
a. परिवार से मिली संपत्ति
b. स्वयं की कमाई या प्रयास से प्राप्त संपत्ति
c. केवल मूर्त संपत्ति
d. केवल अमूर्त संपत्ति
62. "सम्बन्धी", अधिनियम की किस धारा में परिभाषित है?
a. धारा 2(छ)
b. धारा 2(च)
c. धारा 2(ज)
d. धारा 2(झ)
63. धारा 2(छ) में “सम्बन्धी” किसे कहा गया है?
a. किसी भी व्यक्ति को
b. सन्तानहीन वरिष्ठ नागरिक का विधिक उत्तराधिकारी जो अवयस्क नहीं है
c. केवल परिवार के सदस्य को
d. केवल मित्र को
64. सम्बन्धी की आयु संबंधी क्या शर्त है?
a. 18 वर्ष से कम
b. अवयस्क नहीं होना चाहिए
c. केवल 21 वर्ष से अधिक
d. कोई आयु सीमा नहीं
65. सम्बन्धी की संपत्ति में क्या अधिकार होगा?
a. केवल उपयोग का अधिकार
b. मृत्यु के पश्चात उत्तराधिकार में संपत्ति प्राप्त करने का अधिकार
c. केवल ऋण लेने का अधिकार
d. केवल उपभोग का अधिकार
66. धारा 2(छ) में सम्बन्धी का सम्बन्ध किसके साथ है?
a. परिवार के मित्रों के साथ
b. सन्तानहीन वरिष्ठ नागरिक के साथ
c. केवल राज्य सरकार के साथ
d. केवल दत्तक परिवार के साथ
67. सम्बन्धी किस स्थिति में संपत्ति के व्यवसाय में शामिल होगा?
a. वरिष्ठ नागरिक के जीवित रहने पर
b. मृत्यु के बाद उत्तराधिकार में प्राप्त करने के लिए
c. केवल शादी के बाद
d. कोई भी व्यक्ति शामिल हो सकता है
68. सम्बन्धी के लिए अवयस्क न होना क्यों आवश्यक है?
a. क्योंकि अवयस्क को कानूनी अधिकार नहीं मिल सकते
b. क्योंकि अवयस्क संपत्ति खर्च नहीं कर सकता
c. क्योंकि अवयस्क कर नहीं भर सकता
d. क्योंकि अवयस्क राज्य का नागरिक नहीं है
69. धारा 2(छ) के अनुसार सम्बन्धी का कानूनी स्वरूप क्या है?
a. मित्र
b. विधिक उत्तराधिकारी
c. सहकर्मी
d. पड़ोसी
70. सम्बन्धी की संपत्ति पर अधिकार किस प्रकार का होगा?
a. पूर्ण और विधिक अधिकार
b. केवल कर संबंधी अधिकार
c. केवल अस्थायी अधिकार
d. केवल उपयोग का अधिकार
71. “वरिष्ठ नागरिक ", अधिनियम की किस धारा में परिभाषित है?
a. धारा 2(छ)
b. धारा 2(च)
c. धारा 2(ज)
d. धारा 2(झ)
72. वरिष्ठ नागरिक किसे कहा गया है?
a. कोई भी व्यक्ति जो भारत में रहता है
b. भारत का नागरिक जिसकी आयु साठ वर्ष या अधिक हो
c. केवल अवकाश प्राप्त व्यक्ति
d. केवल सत्तर वर्ष या अधिक आयु वाला व्यक्ति
73. वरिष्ठ नागरिक की न्यूनतम आयु क्या है?
a. 55 वर्ष
b. 60 वर्ष
c. 65 वर्ष
d. 70 वर्ष
74. धारा 2(ज) में वरिष्ठ नागरिक की पहचान किस आधार पर होती है?
a. आयु और राष्ट्रीयता
b. संपत्ति और रोजगार
c. परिवार के सदस्य
d. केवल आयु
75. “राज्य सरकार", अधिनियम की किस धारा में परिभाषित है?
a. धारा 2(छ)
b. धारा 2(च)
c. धारा 2(ज)
d. धारा 2(झ)
76. संघ राज्य क्षेत्र के सम्बन्ध में “राज्य सरकार” का तात्पर्य किससे है?
a. राज्य के मुख्यमंत्री से
b. संविधान के अनुच्छेद 239 के तहत नियुक्त प्रशासक से
c. केवल राष्ट्रपति से
d. लोकसभा के अध्यक्ष से
77. “अधिकरण”, अधिनियम की किस धारा में परिभाषित है?
a. धारा 2(छ)
b. धारा 2(च)
c. धारा 2(ञ)
d. धारा 2(झ)
78. धारा 2(ञ) में “अधिकरण” किसे कहा गया है?
a. उच्च न्यायालय
b. धारा 7 के अधीन गठित भरण-पोषण अधिकरण
c. जिला न्यायालय
d. संसद समिति
79. भरण-पोषण अधिकरण किस धारा के अधीन गठित होता है?
a. धारा 5
b. धारा 7
c. धारा 10
d. धारा 12
80. “कल्याण” अधिनियम की किस धारा में परिभाषित है?
a. धारा 2(छ)
b. धारा 2(च)
c. धारा 2(ज)
d. धारा 2(ट)
81. धारा 2(ट) में “कल्याण” का तात्पर्य किससे है?
a. केवल भोजन
b. भोजन, स्वास्थ्य देखरेख, मनोरंजन केंद्र और अन्य आवश्यक सुविधाएँ
c. केवल चिकित्सा सुविधा
d. केवल आर्थिक सहायता
82. वरिष्ठ नागरिकों के कल्याण में कौन-सी सुविधा शामिल है?
a. केवल आवास
b. केवल भोजन
c. स्वास्थ्य देखरेख और मनोरंजन केंद्र
d. केवल बैंकिंग सुविधा
83. धारा 3 के अनुसार इस अधिनियम का प्रभाव कैसे होगा?
a. केवल अन्य अधिनियमों के साथ समानता में
b. अन्य अधिनियमों या लिखत में असंगत होने पर भी प्रभावी
c. केवल राज्य सरकार के आदेशों पर
d. केवल न्यायालय के आदेश पर
84. अभिभावी प्रभाव का मतलब क्या है?
a. अधिनियम केवल परामर्श हेतु
b. अधिनियम के प्रावधानों का किसी भी अन्य प्रावधान से ऊपर होना
c. अधिनियम के प्रावधान लागू नहीं होंगे
d. अधिनियम केवल सुझाव है
85. माता-पिता और वरिष्ठ नागरिकों का भरण-पोषण, किस धारा से सम्बंधित हैं?
a. धारा 4
b. धारा 5
c. धारा 6
d. धारा 7
86. धारा 4 के अनुसार कौन वरिष्ठ नागरिक अपने भरण-पोषण के लिए आवेदन कर सकता है?
a. जो अपनी संपत्ति से स्वयं का भरण-पोषण कर सकता है
b. जो अपने अर्जन या संपत्ति से स्वयं का भरण-पोषण करने में असमर्थ है
c. केवल जो अवकाश प्राप्त हो चुका है
d. केवल जो संपत्ति मालिक नहीं है
87. माता-पिता के मामले में आवेदन किसके विरुद्ध किया जा सकता है?
a. अवयस्क सन्तानों के विरुद्ध
b. माता-पिता या पितामही-पितामह के मामले में अपने सन्तानों में से एक या अधिक के विरुद्ध, जो अवयस्क नहीं हैं
c. केवल राज्य सरकार के विरुद्ध
d. केवल न्यायालय के विरुद्ध
88. सन्तानहीन वरिष्ठ नागरिक किसके विरुद्ध आवेदन कर सकता है?
a. धारा 2(छ) में निर्दिष्ट सम्बन्धी के विरुद्ध
b. केवल राज्य सरकार के विरुद्ध
c. किसी भी नागरिक के विरुद्ध
d. केवल न्यायालय के विरुद्ध
89. सन्तानों या सम्बन्धियों की आबद्धता का विस्तार किस आधार पर होता है?
a. वरिष्ठ नागरिक की आवश्यकता तक
b. राज्य सरकार के आदेश तक
c. केवल संपत्ति की मात्रा तक
d. केवल न्यायालय के आदेश तक
90. सन्तानों की माता-पिता का भरण-पोषण करने की आबद्धता किस सीमा तक होती है?
a. केवल पिता की आवश्यकता तक
b. केवल माता की आवश्यकता तक
c. माता-पिता की आवश्यकता तक जिससे वे सामान्य जीवन व्यतीत कर सकें
d. केवल संपत्ति की उपलब्धता तक
91. यदि कोई सम्बन्धी वरिष्ठ नागरिक की संपत्ति का कब्जाधारी है, तो वह क्या करेगा?
a. केवल संपत्ति संभालेगा
b. ऐसे वरिष्ठ नागरिक का भरण-पोषण करेगा
c. संपत्ति बेच सकता है
d. भरण-पोषण से मुक्त है
92. यदि एक से अधिक सम्बन्धी उत्तराधिकार में संपत्ति प्राप्त करने के हकदार हैं, तो भरण-पोषण कैसे किया जाएगा?
a. केवल सबसे बड़े सम्बन्धी द्वारा
b. सभी सम्बन्धियों द्वारा समान रूप से
c. उस अनुपात में जिसमें वे संपत्ति उत्तराधिकार में प्राप्त करेंगे
d. केवल न्यायालय के आदेश से
93. कौन आवेदन करने का हकदार नहीं है?
a. अवयस्क सन्तान
b. अवयस्क नहीं सन्तान
c. सम्बन्धी
d. वरिष्ठ नागरिक
94. धारा 4 के अनुसार भरण-पोषण की जिम्मेदारी किस पर निर्भर करती है?
a. वरिष्ठ नागरिक की संपत्ति पर
b. वरिष्ठ नागरिक की आवश्यकता पर
c. केवल सन्तानों की आय पर
d. केवल राज्य सरकार के आदेश पर
95. भरण पोषण के लिए आवेदन, किस धारा से सम्बंधित हैं?
a. धारा 4
b. धारा 5
c. धारा 6
d. धारा 7
96. धारा 5(1) के अनुसार भरण-पोषण के लिए आवेदन कौन कर सकता है?
a. केवल वरिष्ठ नागरिक
b. वरिष्ठ नागरिक या माता-पिता, या उनके प्राधिकृत व्यक्ति/संगठन, या अधिकरण स्वप्रेरणा से
c. केवल राज्य सरकार
d. केवल न्यायालय
97. “संगठन” का अर्थ क्या है?
a. केवल सरकारी संस्था
b. सोसायटी रजिस्ट्रीकरण अधिनियम 1860 या अन्य विधि के तहत पंजीकृत कोई स्वैच्छिक संगठन
c. केवल निजी कंपनी
d. केवल न्यायालय समिति
98. अधिनियम के अनुसार अंतरिम भरण-पोषण के लिए अधिकरण क्या कर सकता है?
a. केवल आवेदन को स्थगित कर सकता है
b. सन्तानों या सम्बन्धियों को मासिक भत्ता देने का आदेश दे सकता है
c. केवल नोटिस जारी कर सकता है
d. केवल न्यायालय में पेश होने का आदेश दे सकता है
99. भरण-पोषण के आवेदन की सुनवाई के बाद अधिकरण क्या कर सकता है?
a. आवेदन को खारिज कर सकता है
b. आवेदन प्राप्त करके, पक्षकारों को सुनवाई का अवसर देकर भरण-पोषण की धनराशि के लिए जाँच कर सकता है
c. केवल नोटिस जारी कर सकता है
d. केवल अंतरिम आदेश दे सकता है
100. आवेदन निस्तारण की समय सीमा क्या है?
a. 30 दिन
b. 90 दिन, असाधारण परिस्थितियों में एक बार 30 दिन का विस्तार संभव
c. 180 दिन
d. कोई समय सीमा नहीं
101. अधिकरण उक्त अवधि में लेखबद्ध किये जाने वाले कारणों से असाधारण परिस्थितियों में दिनों की अधिकतम कितनी अवधि तक एक बार विस्तार कर सकेगी?
a. 30 दिन
b. 90 दिन
c. 60 दिन
d. 15 दिन
102. यदि भरण-पोषण का आदेश एक से अधिक व्यक्तियों के विरुद्ध किया गया है और एक की मृत्यु हो जाती है, तो क्या होगा?
a. भरण-पोषण रद्द हो जाएगा
b. अन्य व्यक्तियों की जिम्मेदारी प्रभावित नहीं होगी
c. अन्य व्यक्ति भी रद्द हो जाएंगे
d. न्यायालय फिर से आदेश देगा
103. आदेश का पालन न करने पर अधिकरण क्या कर सकता है?
a. कोई कार्रवाई नहीं कर सकता
b. जुर्माना वसूलने के लिए वारण्ट जारी कर सकता है और कारावास भी कर सकता है
c. केवल नोटिस जारी कर सकता है
d. केवल संपत्ति जब्त कर सकता है
104. अधिकरण के आदेश का पालन न करने पर कारावास की अवधि कितनी हो सकती है?
a. 1 माह या भुगतान तक, जो पहले हो
b. 6 माह
c. 1 वर्ष
d. कोई सीमा नहीं
105. अधिकारिता और प्रक्रिया, किस धारा से सम्बंधित हैं?
a. धारा 4
b. धारा 5
c. धारा 6
d. धारा 7
106. धारा 5 के अधीन कार्यवाही किस जिले में की जा सकती है?
a. जहां सन्तान या सम्बन्धी निवास करता है या अंतिम रूप से निवास किया हो
b. केवल राज्य की राजधानी में
c. केवल वरिष्ठ नागरिक के निवास स्थान में
d. केवल न्यायालय के आदेश से
107. आवेदन की प्राप्ति पर अधिकरण क्या करेगा?
a. सन्तान या सम्बन्धी की उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए आदेशिका जारी करेगा
b. सीधे आदेश पारित करेगा
c. आवेदन को रद्द करेगा
d. केवल नोटिस भेजेगा
108. सन्तान या सम्बन्धी की उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए अधिकरण को किसकी शक्ति प्राप्त है?
a. प्रथम श्रेणी के न्यायिक मजिस्ट्रेट की शक्ति
b. केवल पुलिस अधिकारी की शक्ति
c. केवल राज्य सरकार की शक्ति
d. केवल उच्च न्यायालय की शक्ति
109. कार्यवाही का साक्ष्य कैसे लिया जाएगा?
a. सन्तान या सम्बन्धी की उपस्थिति में
b. केवल वरिष्ठ नागरिक की अनुपस्थिति में
c. बिना किसी उपस्थिति के
d. केवल नोटिस के माध्यम से
110. यदि सन्तान या सम्बन्धी जानबूझकर उपस्थित नहीं होता, तो अधिकरण क्या कर सकता है?
a. सुनवाई स्थगित कर सकता है
b. एकपक्षीय मामले का अवधारण कर सकता है
c. केवल नोटिस जारी कर सकता है
d. ई कार्रवाई नहीं कर सकता
111. यदि सन्तान या सम्बन्धी भारत के बाहर निवास करता है, तो समन कैसे दिया जाएगा?
a. केन्द्रीय सरकार द्वारा नामित प्राधिकारी के माध्यम से
b. वरिष्ठ नागरिक के द्वारा
c. अंतरराष्ट्रीय न्यायालय के माध्यम से
d. नहीं दिया जा सकता
112. अधिकरण सुलह अधिकारी को किस प्रयोजन के लिए निर्दिष्ट कर सकता है?
a. आवेदन की सुनवाई के पूर्व मैत्रीपूर्ण निपटारा सुनिश्चित करने के लिए
b. आवेदन को रद्द करने के लिए
c. सीधे आदेश पारित करने के लिए
d. केवल नोटिस जारी करने के लिए
113. सुलह अधिकारी मैत्रीपूर्ण निपटारा कितने समय में प्रस्तुत करेगा?
a. 15 दिन
b. 30 दिन
c. 45 दिन
d. 60 दिन
114. “सुलह अधिकारी” किसे कहा जाता है?
a. धारा 5(1) के स्पष्टीकरण में निर्दिष्ट व्यक्ति/संगठन का प्रतिनिधि या राज्य सरकार द्वारा अभिहित भरण-पोषण अधिकारी या अधिकरण द्वारा नामनिर्देशित व्यक्ति
b. केवल न्यायालय अधिकारी
c. केवल पुलिस अधिकारी
d. केवल केंद्रीय मंत्री
115. अधिकरण मैत्रीपूर्ण निपटारा का आदेश कब पारित करेगा?
a. सुलह अधिकारी के निष्कर्ष पर
b. केवल न्यायालय आदेश पर
c. वरिष्ठ नागरिक के अनुरोध पर
d. केवल सन्तान के आग्रह पर
116. कार्यवाही के दौरान साक्ष्य का अभिलेख कैसे होगा?
a. समन के अनुसार अभिलिखित
b. केवल वरिष्ठ नागरिक द्वारा दर्ज
c. केवल नोटिस के माध्यम से
d. बिना अभिलेख के
117. भरण पोषण अधिकरण का गठन, किस धारा से सम्बंधित हैं?
a. धारा 4
b. धारा 5
c. धारा 6
d. धारा 7
118. धारा 7 के अनुसार भरण-पोषण अधिकरण का गठन कौन करेगा?
a. राज्य सरकार
b. न्यायालय
c. केंद्रीय सरकार
d. वरिष्ठ नागरिक
119. अधिकरण का गठन कितने समय के भीतर करना अनिवार्य है?
a. अधिनियम की प्रारम्भ की तारीख से 3 माह
b. अधिनियम की प्रारम्भ की तारीख से 6 माह
c. अधिनियम की प्रारम्भ की तारीख से 1 वर्ष
d. कोई समय सीमा नहीं
120. अधिकरण किस प्रयोजन के लिए गठित किया जाएगा?
a. भरण-पोषण आवेदन का न्यायनिर्णय और विनिश्चय
b. केवल नोटिस जारी करना
c. केवल संपत्ति विवाद निपटाना
d. प्रशासनिक कार्य
121. अधिकरण की अध्यक्षता किस श्रेणी के अधिकारी द्वारा की जाएगी?
a. प्रथम श्रेणी के न्यायिक मजिस्ट्रेट
b. राज्य के उपखण्डीय अधिकारी की श्रेणी से अन्यून अधिकारी
c. पुलिस अधिकारी
d. केवल सुलह अधिकारी
122. यदि किसी क्षेत्र में दो या अधिक अधिकरण गठित हैं, तो उनके बीच कार्य का वितरण कैसे होगा?
a. स्वतः
b. राज्य सरकार के सामान्य या विशेष आदेश द्वारा
c. वरिष्ठ नागरिक के आदेश द्वारा
d. न्यायालय द्वारा
123. जाँच के मामले में संक्षिप्त प्रक्रिया, किस धारा से सम्बंधित हैं?
a. धारा 10
b. धारा 9
c. धारा 8
d. धारा 7
124. धारा 8(1) के अनुसार अधिकरण जाँच करते समय किस प्रक्रिया का अनुसरण कर सकता है?
a. कोई लंबी प्रक्रिया
b. संक्षिप्त प्रक्रिया, जो अधिकरण उचित समझे
c. केवल न्यायालय की प्रक्रिया
d. केवल प्रशासनिक प्रक्रिया
125. संक्षिप्त प्रक्रिया निर्धारित करने का अधिकार किसे है?
a. न्यायालय
b. अधिकरण, राज्य सरकार द्वारा विहित नियमावली के अधीन
c. केवल वरिष्ठ नागरिक
d. केवल सुलह अधिकारी
126. अधिकरण साक्ष्य लेने के लिए किस शक्ति का प्रयोग कर सकता है?
a. केवल प्रशासनिक अधिकारी की शक्ति
b. सिविल न्यायालय की सभी शक्तियाँ
c. केवल पुलिस की शक्ति
d. केवल नोटिस जारी करने की शक्ति
127. अधिकरण को किसका मान लिया जाएगा?
a. सिविल न्यायालय
b. केवल उच्च न्यायालय
c. पुलिस अधिकारी
d. केवल सुलह अधिकारी
128. अधिकरण को किसके उपस्थिति को प्रवर्तित करने का अधिकार है?
a. केवल वरिष्ठ नागरिक
b. साक्षियों की उपस्थिति
c. केवल सुलह अधिकारी
d. केवल न्यायालय अधिकारी
129. अधिकरण दस्तावेजों के प्रकटन और पेशकरण के लिए क्या कर सकता है?
a. विवश कर सकता है
b. केवल अनुरोध कर सकता है
c. केवल नोटिस जारी कर सकता है
d. कोई अधिकार नहीं है
130. अधिकरण को जाँच में सहायता करने के लिए किसे नियुक्त करने का अधिकार है?
a. केवल राज्य सरकार अधिकारी
b. जाँच से सुसंगत किसी मामले का विशेष ज्ञान रखने वाले एक या अधिक व्यक्ति
c. केवल न्यायालय अधिकारी
d. वरिष्ठ नागरिक
131. अधिकरण की यह शक्ति किसके अधीन होगी?
a. सिविल न्यायालय की शक्ति और नियमावली के अधीन
b. केवल प्रशासनिक नियमों के अधीन
c. केवल केंद्रीय सरकार के अधीन
d. केवल न्यायालय के आदेश के अधीन
132. धारा 8(2) के अनुसार, अधिकरण किस कानून के तहत सिविल न्यायालय माना जाएगा?
a. दण्ड प्रक्रिया संहिता, 1973 धारा 195 और अध्याय 26 (भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 धारा 215 और अध्याय 28 के सभी प्रयोजनों के तहत
b. केवल भारतीय दंड संहिता
c. केवल नागरिक कानून
d. केवल वरिष्ठ नागरिक अधिनियम
133. अधिकरण जाँच में किस उद्देश्य से विशेषज्ञ नियुक्त कर सकता है?
a. भरण-पोषण के लिए किसी दावा का न्यायनिर्णय और विनिश्चय करने के लिए
b. केवल नोटिस जारी करने के लिए
c. केवल प्रशासनिक कार्य के लिए
d. केवल सुलह अधिकारी के लिए
134. भरण-पोषण के लिए आदेश, किस धारा से सम्बंधित हैं?
a. धारा 10
b. धारा 9
c. धारा 8
d. धारा 7
135. धारा 9(1) के अनुसार अधिकरण किन परिस्थितियों में भरण-पोषण का आदेश देगा?
a. जब सन्तान या सम्बन्धी भरण-पोषण करने से उपेक्षा या नामंजूरी करे
b. केवल जब वरिष्ठ नागरिक अनुरोध करे
c. केवल न्यायालय की अनुमति पर
d. केवल प्रशासनिक आदेश पर
136. अधिकरण किसके लिए मासिक भत्ता आदेशित कर सकता है?
a. वरिष्ठ नागरिकों के भरण-पोषण के लिए
b. केवल संपत्ति के विवाद के लिए
c. केवल वरिष्ठ नागरिकों के मनोरंजन के लिए
d. केवल प्रशासनिक खर्च के लिए
137. मासिक भत्ता की राशि किसके अनुसार तय होगी?
a. वरिष्ठ नागरिक के अनुरोध अनुसार
b. अधिकरण द्वारा जो ठीक समझे
c. केवल राज्य सरकार द्वारा
d. केवल न्यायालय के आदेश पर
138. अधिकरण भरण-पोषण के लिए निर्देश कब दे सकता है?
a. समय-समय पर, जैसा वह उचित समझे
b. केवल आवेदन की तारीख से
c. केवल न्यायालय के आदेश पर
d. केवल वरिष्ठ नागरिक की लिखित अनुमति पर
139. अधिकतम भरण-पोषण भत्ता कितने तक हो सकता है?
a. प्रतिमास 5,000 रुपये
b. प्रतिमास 10,000 रुपये
c. प्रतिमास 15,000 रुपये
d. कोई सीमा नहीं
140. अधिकतम भत्ता किसके द्वारा विहित किया जाएगा?
a. राज्य सरकार
b. न्यायालय
c. केंद्रीय सरकार
d. वरिष्ठ नागरिक
141. यदि सन्तान या सम्बन्धी भरण-पोषण करने से इनकार करे, तो अधिकरण क्या कर सकता है?
a. आवेदन रद्द कर सकता है
b. आदेश देकर मासिक भत्ता भुगतान सुनिश्चित कर सकता है
c. केवल नोटिस जारी कर सकता है
d. कोई कार्रवाई नहीं कर सकता
142. धारा 9 का मुख्य उद्देश्य क्या है?
a. वरिष्ठ नागरिकों के लिए मासिक भरण-पोषण सुनिश्चित करना
b. केवल संपत्ति का निपटारा करना
c. केवल प्रशासनिक सुविधा देना
d. केवल आवेदन की नोटिस जारी करना
143. अधिकरण किसके अधिकार में मासिक भत्ता निर्धारित करेगा?
a. सन्तान या सम्बन्धी की संपत्ति और क्षमता के अनुसार
b. केवल वरिष्ठ नागरिक के अनुरोध अनुसार
c. केवल राज्य सरकार के आदेश अनुसार
d. कोई भी व्यक्ति स्वतः निर्धारित कर सकता है
144. भत्ता में परिवर्तन, किस धारा से सम्बंधित हैं?
a. धारा 10
b. धारा 9
c. धारा 8
d. धारा 7
145. धारा 10 के अनुसार भरण-पोषण भत्ता में परिवर्तन कब किया जा सकता है?
a. केवल वरिष्ठ नागरिक के अनुरोध पर
b. दुर्व्यवहार, तथ्य की त्रुटि या प्राप्तकर्ता की परिस्थितियों में परिवर्तन के सबूत मिलने पर
c. केवल न्यायालय के आदेश पर
d. केवल राज्य सरकार के निर्देश पर
146. अधिकरण किस आधार पर मासिक भत्ता में परिवर्तन कर सकता है?
a. अपने विवेक और उचित समझ के अनुसार
b. केवल वरिष्ठ नागरिक की अनुमति पर
c. केवल केंद्रीय सरकार के आदेश से
d. केवल न्यायालय की अनुमति से
147. धारा 10(2) के अनुसार यदि सक्षम सिविल न्यायालय कोई आदेश रद्द या परिवर्तन करता है, तो अधिकरण क्या करेगा?
a. आदेश को मान्यता देगा
b. आदेश को रद्द करेगा या तदनुसार फेरफार करेगा
c. केवल नोटिस जारी करेगा
d. कोई कार्रवाई नहीं करेगा
148. भत्ता परिवर्तन का आदेश किसके अधीन जारी किया जाएगा?
a. धारा 9 के अधीन भरण-पोषण आदेश
b. केवल राज्य सरकार के निर्देश
c. केवल वरिष्ठ नागरिक की मांग
d. केवल न्यायालय के आदेश
149. अधिकरण को भत्ता में परिवर्तन करने की शक्ति किस प्रकार है?
a. सीमित और लिखित आदेशों के अधीन
b. पर्याप्त विवेक और आवश्यकतानुसार
c. केवल वरिष्ठ नागरिक के अनुरोध पर
d. केवल न्यायालय की अनुमति पर
150. भत्ता परिवर्तन के लिए सबूत क्या होना चाहिए?
a. वरिष्ठ नागरिक की लिखित अनुमति
b. प्राप्तकर्ता की परिस्थितियों में परिवर्तन
c. राज्य सरकार के पत्र
d. कोई प्रमाण आवश्यक नहीं
151. यदि न्यायालय आदेश को बदलता है, तो अधिकरण क्या करेगा?
a. आदेश पर कोई असर नहीं डालेगा
b. आदेश को तदनुसार रद्द या फेरफार करेगा
c. केवल नोटिस जारी करेगा
d. वरिष्ठ नागरिक की अनुमति लेगा
152. धारा 10 का मुख्य उद्देश्य क्या है?
a. भरण-पोषण भत्ता की वास्तविक परिस्थितियों के अनुसार संशोधन करना
b. केवल वरिष्ठ नागरिक का मनोरंजन करना
c. केवल नोटिस जारी करना
d. केवल प्रशासनिक प्रक्रिया पूर्ण करना
153. भरण पोषण के आदेश का प्रवर्तन, किस धारा से सम्बंधित हैं?
a. धारा 11
b. धारा 12
c. धारा 13
d. धारा 14
154. धारा 11 के अनुसार आदेश की प्रति किसे निःशुल्क दी जाएगी?
a. केवल बच्चों को
b. केवल राज्य सरकार को
c. वरिष्ठ नागरिक या माता-पिता, जिनके पक्ष में आदेश दिया गया है
d. केवल अधिकरण को
155. आदेश पारित करने से पूर्व अधिकरण किस बात से संतुष्ट होना चाहिए?
a. पक्षकारों की पहचान और बकाया भत्ता/व्यय के अभुगतान का समाधान
b. राज्य सरकार की अनुमति
c. पुलिस रिपोर्ट
d. मेडिकल प्रमाण
156. धारा 11(2) के अनुसार भरण-पोषण आदेश का बल और प्रभाव किसके समान है?
a. संविधान के अनुच्छेद 32 के आदेश
b. सिविल न्यायालय के आदेश
c. दण्ड प्रक्रिया संहिता 1973 के अध्याय 9 (भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 के अध्याय 10 के आदेश)
d. पुलिस अधिसूचना
157. आदेश की प्रति देने के लिए क्या शुल्क लिया जाएगा?
a. 100 रुपये
b. 50 रुपये
c. कोई शुल्क नहीं
d. राज्य द्वारा निर्धारित शुल्क
158. धारा 12 किस विषय से संबंधित है?
a. अधिकरण की शक्तियाँ
b. भरण-पोषण के सम्बन्ध में विकल्प
c. भरण-पोषण आदेश का प्रवर्तन
d. परिभाषाएँ
159. धारा 12 किन दो कानूनों के बीच विकल्प प्रदान करती है?
a. सिविल प्रक्रिया संहिता और दण्ड प्रक्रिया संहिता
b. दण्ड प्रक्रिया संहिता की अध्याय 9 (भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 के अध्याय 10) और माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिक भरण-पोषण एवं कल्याण अधिनियम, 2007
c. भारतीय दण्ड संहिता और वरिष्ठ नागरिक अधिनियम
d. दण्ड प्रक्रिया संहिता और आयकर अधिनियम
160. वरिष्ठ नागरिक किस अध्याय के अधीन भरण-पोषण मांग सकते हैं?
a. दण्ड प्रक्रिया संहिता अध्याय 6
b. दण्ड प्रक्रिया संहिता अध्याय 9 (भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 के अध्याय 10)
c. दण्ड प्रक्रिया संहिता अध्याय 2
d. दण्ड प्रक्रिया संहिता अध्याय 13
161. धारा 12 के अनुसार वरिष्ठ नागरिक कितने कानूनों के तहत भरण-पोषण दावा कर सकता है?
a. दोनों में एक साथ
b. केवल वरिष्ठ नागरिक अधिनियम के तहत
c. केवल दण्ड प्रक्रिया संहिता के तहत
d. किसी एक कानून के तहत, दोनों में एक साथ नहीं
162. क्या धारा 12 वरिष्ठ नागरिक को विकल्प देती है कि वह किस कानून के तहत दावा करे?
a. नहीं
b. हाँ
c. केवल न्यायालय की अनुमति से
d. केवल राज्य सरकार की अनुमति से
163. धारा 13 के अनुसार भरण-पोषण धनराशि किसके द्वारा जमा की जाएगी?
a. वरिष्ठ नागरिक
b. माता-पिता
c. सन्तान या सम्बन्धी
d. राज्य सरकार
164. धारा 13 के तहत आदेश घोषित होने के कितने दिनों के भीतर धनराशि जमा करनी होती है?
a. 15 दिन
b. 30 दिन
c. 45 दिन
d. 60 दिन
165. धारा 13 में धनराशि का निक्षेप किसके निर्देशानुसार किया जाएगा?
a. जिला न्यायालय
b. पुलिस विभाग
c. अधिकरण
d. सामाजिक कल्याण विभाग
166. धारा 13 किस अध्याय के अधीन पारित आदेश पर लागू होती है?
a. अध्याय 1
b. अध्याय 2
c. अध्याय 3
d. कोई नहीं
167. धारा 14 किस विषय से संबंधित है?
a. अधिकरण की शक्तियाँ
b. ब्याज का अधिनिर्णय, जहाँ कोई दावा अनुज्ञात किया जाता है
c. भरण-पोषण आदेश का प्रवर्तन
d. परिभाषाएँ
168. अधिकरण भरण-पोषण की धनराशि के अतिरिक्त किस प्रकार की ब्याज का निर्देश दे सकेगा?
a. भरण-पोषण की धनराशि के अतिरिक्त साधारण ब्याज का
b. विशिष्ट ब्याज
c. उपर्युक्त में से कोई नहीं
d. (a) और (b) दोनों
169. धारा 14 के अनुसार अधिकरण किस मामले में साधारण ब्याज आदेशित कर सकता है?
a. जब भरण-पोषण के लिए आदेश जारी किया जाता है
b. केवल संपत्ति विवाद में
c. केवल प्रशासनिक कारणों से
d. केवल न्यायालय के अनुरोध पर
170. ब्याज का भुगतान किस तारीख से किया जाएगा?
a. आवेदन करने की तारीख से पूर्व नहीं, जैसा अधिकरण निर्धारित करे
b. आवेदन करने की तारीख से बाद
c. केवल आदेश जारी करने की तारीख से
d. किसी भी तारीख से
171. ब्याज की न्यूनतम दर कितनी होगी?
a. 3 प्रतिशत
b. 5 प्रतिशत से अन्यून
c. 10 प्रतिशत
d. 18 प्रतिशत
172. ब्याज की अधिकतम दर कितनी होगी?
a. 10 प्रतिशत
b. 15 प्रतिशत
c. 18 प्रतिशत से अनधिक
d. 20 प्रतिशत
173. धारा 14 के अनुसार अधिकरण ब्याज की दर किसके अनुसार तय करेगा?
a. राज्य सरकार
b. अपने विवेक अनुसार
c. रिष्ठ नागरिक के अनुरोध पर
d. न्यायालय के निर्देश पर
174. यदि कोई भरण-पोषण का आवेदन दण्ड प्रक्रिया संहिता, 1973 के अध्याय 9 (भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 के अध्याय 10) के अधीन लंबित हो, तो क्या होगा?
a. अधिकरण आवेदन को निष्पादित करेगा
b. न्यायालय माता-पिता के अनुरोध पर आवेदन वापस लेने की अनुज्ञा देगा
c. आवेदन स्वतः निरस्त हो जाएगा
d. अधिकरण का कोई अधिकार नहीं रहेगा
175. अधिकरण ब्याज का आदेश किस सीमा के भीतर देगा?
a. 0% से 10%
b. 5% से 18%
c. 10% से 20%
d. 3% से 15%
176. अपील अधिकरण का गठन कौन करेगा?
a. न्यायालय
b. राज्य सरकार शासकीय राजपत्र में अधिसूचना द्वारा
c. जिला मजिस्ट्रेट
d. केंद्र सरकार
177. प्रत्येक जिले में कितने अपील अधिकरण होंगे?
a. एक
b. दो
c. तीन
d. चार
178. अपील अधिकरण की अध्यक्षता किस अधिकारी की श्रेणी से की जाएगी?
a. उच्च न्यायालय के न्यायाधीश
b. जिला मजिस्ट्रेट की श्रेणी से अन्यून अधिकारी
c. तहसीलदार
d. पंचायत सदस्य
179. अपील अधिकरण में अपील दाखिल करने की अवधि कितनी है?
a. 30 दिन
b. 60 दिन
c. 90 दिन
d. 120 दिन
180. अपील अधिकरण द्वारा अपील प्राप्त होने पर क्या किया जाएगा?
a. न्यायिक आदेश रद्द
b. प्रत्युत्तरदाता पर नोटिस तामील
c. संपत्ति का हस्तांतरण
d. कर वसूली
181. अपील अधिकरण क्या मांग सकता है?
a. संपत्ति के दस्तावेज
b. अपील से संबंधित अभिलेख
c. कर विवरण
d. प्रशासनिक आदेश
182. अपील अधिकरण अपील को किस आधार पर निर्णय करेगा?
a. अपने विवेकानुसार
b. अभिलेखों और अपील की परीक्षा के बाद
c. केवल अपीलकर्ता के बयान पर
d. केवल भरण-पोषण आदेश पर
183. अपील अधिकरण का आदेश कैसा होगा?
a. अंतिम
b. अपील योग्य
c. वल राज्य सरकार की अनुमति से
d. केंद्र सरकार के आदेश से
184. अपील नामंजूर कैसे नहीं की जा सकती?
a. जब तक दोनों पक्षकार को व्यक्तिगत रूप से या प्रतिनिधि के माध्यम से सुने जाने का अवसर न दिया गया हो
b. जब तक राज्य सरकार अनुमति न दे
c. जब तक केंद्र सरकार की मंजूरी न हो
d. जब तक कोर्ट आदेश जारी न करे
185. अपील अधिकरण आदेश घोषित करने की अवधि कितनी है?
a. 15 दिन
b. 30 दिन
c. 1 माह
d. 3 माह
186. अपील अधिकरण के आदेश की प्रति किसे भेजी जाएगी?
a. केवल अपीलकर्ता
b. केवल प्रत्युत्तरदाता
c. दोनों पक्षकारों को निःशुल्क
d. केवल राज्य सरकार
187. अधिकरण या अपील अधिकरण में पक्षकार का प्रतिनिधित्व कौन कर सकता है?
a. केवल विधि व्यवसायी
b. स्वयं पक्षकार
c. राज्य सरकार
d. सिविल न्यायालय
188. अपील अधिकरण के समक्ष कार्यवाही में विधि व्यवसायी का प्रतिनिधित्व किया जा सकता है या नहीं?
a. हाँ
b. नहीं
c. केवल विशेष अनुमति से
d. केवल उच्च न्यायालय के निर्देश पर
189. भरण-पोषण अधिकारी की नियुक्ति कौन करता है?
a. न्यायालय
b. राज्य सरकार
c. पील अधिकरण
d. केंद्रीय सरकार
190. भरण-पोषण अधिकारी किस श्रेणी से नियुक्त किया जाता है?
a. जिला मजिस्ट्रेट
b. जिला समाज कल्याण अधिकारी या उसके समकक्ष अधिकारी
c. पुलिस अधिकारी
d. विधि व्यवसायी
191. भरण-पोषण अधिकारी का कार्य क्या है?
a. न्यायालय में केवल साक्ष्य पेश करना
b. भरण पोषण अधिकारी अधिकरण या अपील अधिकरण, यथास्थिति की कार्यवाही के दौरान माता-पिता का प्रतिनिधित्व करेगा, यदि वह ऐसी वांछा करता है
c. पक्षकार का शुल्क वसूलना
d. न्यायालय में फैसला सुनाना
192. वद्धावस्था गृह की स्थापना, किस धारा से सम्बंधित हैं?
a. धारा 17
b. धारा 18
c. धारा 19
d. धारा 20
193. प्रत्येक जिले में वृद्धावस्था गृह की स्थापना कौन कर सकता है?
a. केवल आवश्यकता पड़ने पर
b. राज्य सरकार
c. केवल राजधानी में
d. केवल सिविल अस्पतालों में
194. एक वृद्धावस्था गृह में कितने वरिष्ठ नागरिकों का समायोजन प्रारम्भ में होना चाहिए?
a. 50
b. 100
c. 50
d. 200
195. धारा 19 में "अकिंचन" का अर्थ क्या है?
a. जो किसी संपत्ति का मालिक है
b. वरिष्ठ नागरिक, जिसके पास पर्याप्त साधन नहीं हैं
c. जो विधिक उत्तराधिकारी है
d. जो स्वयं का भरण-पोषण कर सकता है
196. वृद्धावस्था गृह के प्रबंधन के लिए राज्य सरकार क्या कर सकती है?
a. गृह का निर्माण
b. सेवाओं का मानक और विभिन्न प्रकार की योजना विहित करना
c. केवल भोजन की व्यवस्था करना
d. केवल मनोरंजन के साधन उपलब्ध कराना
197. वृद्धावस्था गृह में किन सुविधाओं का प्रावधान होना चाहिए?
a. केवल निवास की सुविधा
b. चिकित्सीय देख-रेख और मनोरंजन के साधन
c. केवल भोजन
d. केवल शिक्षा
198. राज्य सरकार किस प्रकार के अस्पतालों में वरिष्ठ नागरिकों के लिए शैया की व्यवस्था करेगी?
a. केवल निजी अस्पताल
b. सरकारी या सरकार द्वारा पूर्ण/आंशिक रूप से वित्त पोषित अस्पताल
c. केवल जिला अस्पताल
d. केवल केंद्रीय अस्पताल
199. वरिष्ठ नागरिकों के लिए अस्पतालों में कौन सी विशेष व्यवस्था होगी?
a. उन्हें विशेष भोजन मिलेगा
b. उन्हें पृथक पंक्तियों में सेवा दी जाएगी
c. उन्हें केवल वार्ड में रखा जाएगा
d. उन्हें केवल चिकित्सक द्वारा देखा जाएगा
200. मरणान्तक और विक्रित रोगों के लिए क्या किया जाएगा?
a. इलाज पर कोई प्रावधान नहीं
b. वरिष्ठ नागरिकों के लिए सुविधा का विस्तार किया जाएगा
c. केवल सामान्य रोगियों के लिए सुविधा रहेगी
d. केंद्र सरकार के निर्देश पर इलाज होगा
201. दीर्घकालिक वृद्धावस्था रोगों और आयु गणना के लिए क्या व्यवस्था होगी?
a. कोई विशेष व्यवस्था नहीं
b. अनुसंधान क्रिया-कलाप का विस्तार किया जाएगा
c. केवल निजी अस्पताल में
d. केवल चिकित्सा विश्वविद्यालय में
202. अनुसंधान क्रिया-कलाप का नेतृत्व कौन करेगा?
a. अस्पताल प्रबंधक
b. वरिष्ठ चिकित्साधिकारी के अनुभव के साथ सम्यक अध्यक्षता
c. राज्य सरकार का कोई अधिकारी
d. केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री
203. प्रत्येक जिला अस्पताल में वरिष्ठ नागरिकों के लिए क्या सुनिश्चित किया जाएगा?
a. विशेष चिकित्सकीय रोगियों के लिए पृथक सुविधा
b. मान्य रोगियों के साथ ही उपचार
c. केवल आपातकालीन सेवा
d. केवल वार्ड में भर्ती
204. कौन सी सुविधा केवल वरिष्ठ नागरिकों के लिए विशेष रूप से उपलब्ध कराई जाएगी?
a. भोजन
b. पृथक पंक्तियों में सेवा और दीर्घकालिक रोग उपचार
c. शिक्षा
d. मनोरंजन
205. वरिष्ठ नागरिकों के कल्याण के लिए प्रचार, जानकारी इत्यादि के लिए उपाय, किस धारा से सम्बंधित हैं?
a. धारा 17
b. धारा 18
c. धारा 21
d. धारा 20
206. धारा 21 के अनुसार राज्य सरकार किसका सुनिश्चित करेगी कि अधिनियम के प्रावधानों का व्यापक प्रचार किया जाए?
a. केवल सरकारी अस्पतालों में
b. दूरदर्शन, रेडियो और मुद्रण सहित जन संचार माध्यमों के माध्यम से
c. केवल समाचार पत्रों में
d. केवल ऑनलाइन प्लेटफार्मों पर
207. वरिष्ठ नागरिकों के कल्याण के प्रचार हेतु राज्य सरकार क्या सुनिश्चित करेगी?
a. केवल सन्तानों को प्रशिक्षण
b. सभी उपाय जिनसे जनसाधारण को जानकारी मिले
c. केवल न्यायिक अधिकारियों को जानकारी
d. केवल वृद्धावस्था गृह स्थापित करना
208. इस धारा के अनुसार केन्द्रीय और राज्य सरकार के अधिकारियों को किसके संबंध में प्रशिक्षण दिया जाएगा?
a. खेल गतिविधियों
b. इस अधिनियम से सम्बन्धित विवाद्यकों पर आवधिक संक्रियकरण जिनसे जनसाधारण को जानकारी मिले
c. वृद्धावस्था गृह प्रबंधन
d. स्वास्थ्य देख-रेख के सामान्य नियमों पर
209. प्रशिक्षण किसे दिया जाएगा?
a. केवल वरिष्ठ नागरिकों को
b. केवल सामाजिक कार्यकर्ताओं को
c. पुलिस अधिकारी और न्यायिक सेवा के सदस्य सहित अधिकारियों को
d. केवल बच्चों को
210. धारा 21 के अनुसार वरिष्ठ नागरिकों के कल्याण और आवधिक पुनर्विलोकन के विवादों पर विचार करने के लिए क्या सुनिश्चित किया जाएगा?
a. केवल अस्पतालों में बैठक
b. संबंधित मंत्रालयों और विभागों के बीच प्रभावी समन्वय
c. केवल अदालतों द्वारा निर्णय
d. केवल ऑनलाइन समाधान
211. राज्य सरकार को किस माध्यम से प्रचार करना होगा?
a. केवल समाचार पत्र
b. केवल सामाजिक मीडिया
c. दूरदर्शन, रेडियो और मुद्रण सहित व्यापक जन संचार माध्यम
d. केवल मौखिक प्रचार
212. वरिष्ठ नागरिकों के कल्याण से सम्बन्धित सेवाओं के समन्वय में कौन-कौन से विभाग शामिल होंगे?
a. केवल गृह विभाग
b. विधि, गृह, स्वास्थ्य और कल्याण विभाग
c. वल स्वास्थ्य विभाग
d. केवल पुलिस विभाग
213. इस धारा के अनुसार प्रचार का नियमित अंतराल से किया जाना क्यों आवश्यक है?
a. ताकि अधिकारी नया कानून बना सकें
b. ताकि वरिष्ठ नागरिकों और अधिकारियों को लगातार जागरूक किया जा सके
c. कि वृद्धावस्था गृह बढ़ाया जा सके
d. केवल सांस्कृतिक कार्यक्रमों के लिए
214. प्राधिकारी, जो इस अधिनियम के प्रावधानों को क्रियान्वित करने के लिए विनिर्दिष्ट किये जा सकते हैं, किस धारा से सम्बंधित हैं?
a. धारा 19
b. धारा 20
c. धारा 21
d. धारा 22
215. धारा 22(1) के अनुसार किस प्राधिकारी को राज्य सरकार इस अधिनियम के प्रावधानों के क्रियान्वयन हेतु शक्तियाँ प्रदान कर सकती है?
a. पुलिस अधीक्षक
b. जिला मजिस्ट्रेट
c. मुख्य सचिव
d. उप-जिला मजिस्ट्रेट
216. जिला मजिस्ट्रेट को सौंपी गई शक्तियाँ आगे किसे उप-अधिरोपित की जा सकती हैं?
a. किसी निजी संस्था को
b. अधीनस्थ अधिकारी को
c. नगर निगम को
d. पंचायत समिति को
217. जिला मजिस्ट्रेट, अधीनस्थ अधिकारी को शक्तियाँ सौंपते समय क्या विनिर्दिष्ट कर सकता है?
a. अधिकारी की आयु सीमा
b. अधिकारी का वेतन
c. स्थानीय सीमा (क्षेत्राधिकार)
d. अधिकारी की छुट्टियाँ
218. धारा 22 के अनुसार अधिनियम के प्रावधानों का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने की मुख्य ज़िम्मेदारी किसकी है?
a. केन्द्रीय सरकार
b. राज्यपाल
c. जिला मजिस्ट्रेट
d. प्रधान न्यायाधीश
219. धारा 22(2) राज्य सरकार को क्या करने के लिए बाध्य करता है?
a. न्यायालयों की संख्या बढ़ाने के लिए
b. वरिष्ठ नागरिकों की पेंशन योजना बनाने के लिए
c. वरिष्ठ नागरिकों के जीवन और संपत्ति के संरक्षण हेतु व्यापक कार्य योजना विहित करने के लिए
d. NGOs को आर्थिक सहायता देने के लिए
220. अधीनस्थ अधिकारी किन कार्यों का पालन करेगा?
a. केवल प्रशासनिक कार्य
b. जिला मजिस्ट्रेट द्वारा अधिरोपित शक्तियों और कृत्यों का
c. केवल पुलिस संबंधी कार्य
d. वित्तीय अनुमोदन कार्य
221. धारा 22(2) वरिष्ठ नागरिकों के जीवन और संपत्ति के संरक्षण हेतु व्यापक कार्य योजना विहित करेगी-
a. राज्य सरकार
b. जिला मजिस्ट्रेट
c. प्रधान न्यायाधीश
d. केन्द्रीय सरकार
222. धारा 23(1) के अनुसार सम्पत्ति का अन्तरण कब शून्य घोषित किया जा सकता है?
a. जब दान-पत्र का पंजीकरण न हो
b. जब अन्तरिती वरिष्ठ नागरिक को मूलभूत सुविधाएँ न दे
c. जब सम्पत्ति बहुत छोटी हो
d. जब वरिष्ठ नागरिक विदेश में रहता हो
223. वरिष्ठ नागरिक द्वारा सम्पत्ति का ऐसा अन्तरण किस प्रकार माना जाएगा, जब अन्तरिती सुविधाएँ देने से इनकार करता है?
a. विधिसम्मत
b. कपट, प्रपीड़न या असम्यक असर के अधीन किया गया
c. आकस्मिक
d. प्राकृतिक न्याय का उल्लंघन
224. धारा 23(1) के अंतर्गत सम्पत्ति के अन्तरण को शून्य घोषित करने का अधिकार किसके पास है?
a. उच्च न्यायालय
b. जिला मजिस्ट्रेट
c. अधिकरण
d. पंचायत न्यायालय
225. धारा 23(2) के अनुसार भरण-पोषण का अधिकार कब अन्तरिती के विरुद्ध प्रवर्तित नहीं किया जा सकता?
a. जब अन्तरण आनुग्रहिक हो
b. जब अन्तरण प्रतिफल के लिए हो और अन्तरिती को अधिकार का ज्ञान न हो
c. जब वरिष्ठ नागरिक वृद्धाश्रम में रहता हो
d. जब वरिष्ठ नागरिक सहमति दे दे
226. धारा 24 किस विषय से संबंधित है?
a. वरिष्ठ नागरिकों की स्वास्थ्य योजनाएँ
b. वरिष्ठ नागरिक की अनाश्रयता एवं परित्याग
c. पेंशन वितरण
d. अभिभावक नियुक्ति
227. धारा 24 के अनुसार अपराध तब माना जाता है जब—
a. वरिष्ठ नागरिक को सरकारी सहायता न मिले
b. वरिष्ठ नागरिक को यात्रा न कराई जाए
c. देखरेख या संरक्षण धारण करने वाला व्यक्ति वरिष्ठ नागरिक को छोड़ दे
d. वरिष्ठ नागरिक स्वयं घर छोड़ दे
228. धारा 24 के तहत अधिकतम कारावास की अवधि क्या है?
a. 1 माह
b. 2 माह
c. 3 माह
d. 6 माह
229. धारा 24 के तहत अधिकतम जुर्माना कितना लगाया जा सकता है?
a. 1,000 रुपये
b. 2,000 रुपये
c. 3,000 रुपये
d. 5,000 रुपये
230. धारा 24 के तहत अपराध के लिए क्या दंड हो सकता है?
a. केवल कारावास
b. केवल जुर्माना
c. 3 माह कारावास या 5,000 रुपये जुर्माना या दोनों
d. केवल चेतावनी
231. धारा 25(1) के अनुसार इस अधिनियम के अधीन प्रत्येक अपराध किस प्रकृति का है?
a. असंज्ञेय
b. संज्ञेय
c. अजमानतीय
d. गैर-दण्डनीय
232. धारा 25(1) के अनुसार इस अधिनियम के अंतर्गत अपराध किस प्रकार का होगा?
a. केवल जमानतीय
b. केवल अजमानतीय
c. जमानतीय
d. गैर-जमानतीय
233. धारा 25(1) किस संहिता के प्रावधानों को अपवादस्वरूप हटाकर लागू होती है?
a. भारतीय दंड संहिता
b. सूचना का अधिकार अधिनियम
c. दण्ड प्रक्रिया संहिता, 1973 / भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023
d. पुलिस अधिनियम, 1861
234. धारा 26 के अनुसार इस अधिनियम के तहत नियुक्त प्रत्येक अधिकारी किस रूप में माना जाएगा?
a. सरकारी वकील
b. लोक सेवक
c. कर अधिकारी
d. न्यायिक अधिकारी
235. धारा 26 में ‘लोक सेवक’ की परिभाषा किस कानून के अंतर्गत मानी जाएगी?
a. पुलिस अधिनियम
b. दण्ड प्रक्रिया संहिता
c. भारतीय दण्ड संहिता, 1860 की धारा 21 (भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 2(28)
d. संविधान के अनुच्छेद 311
236. धारा 26 के तहत लोक सेवक के रूप में किसे माना जाएगा?
a. न्यायालय के पंजीकृत वकील
b. किसी NGO के सदस्य
c. अधिनियम के अधीन कृत्यों के प्रयोग हेतु नियुक्त अधिकारी या कर्मचारी
d. वरिष्ठ नागरिक के परिजन
237. धारा 27 के अनुसार किस न्यायालय की अधिकारिता वर्जित की गई है?
a. उच्च न्यायालय
b. जिला न्यायालय
c. सिविल न्यायालय
d. सत्र न्यायालय
238. धारा 28 किस प्रकार की कार्यवाही से संरक्षण देती है?
a. केवल वाद (Suit)
b. केवल अभियोजन (Prosecution)
c. केवल अन्य कानूनी कार्यवाही
d. वाद, अभियोजन और अन्य कानूनी कार्यवाही सभी
239. ‘‘सद्भाव में किया गया कार्य’’ का अर्थ क्या है?
a. कार्य दुर्भावना से किया गया
b. कार्य ईमानदारी से, बिना गलत इरादे के किया गया
c. कार्य दबाव में किया गया
d. कार्य निजी लाभ के लिए किया गया
240. धारा 28 किनके लिए सुरक्षा प्रदान करती है?
a. केवल केन्द्रीय सरकार
b. केवल राज्य सरकार
c. केन्द्रीय सरकार, राज्य सरकार, स्थानीय प्राधिकरण और उनके अधिकारी
d. केवल स्थानीय प्राधिकरण
241. धारा 28 के अनुसार संरक्षण कब नहीं मिलेगा?
a. कार्य नियमावली के पालन में किया गया हो
b. कार्य सद्भाव में किया गया हो
c. कार्य जानबूझकर गैरकानूनी तरीके से किया गया हो
d. आदेश के अनुसार किया गया कार्य
242. धारा 28 के अनुसार ‘‘सद्भाव’’ की स्थिति में कार्य करने वाले अधिकारी पर मुकदमा चलाया जा सकता है?
a. हाँ, हमेशा
b. केवल आर्थिक अपराध में
c. नहीं, जब कार्य अधिनियम और आदेशों के अनुसार किया गया हो
d. केवल स्थानीय प्राधिकरण के मामले में
243. निम्न में से कौन सा कार्य धारा 28 के संरक्षण में आता है?
a. अधिकारी द्वारा आदेश का पालन करते हुए किया गया कार्य
b. अधिकारी द्वारा निजी लाभ के लिए किया गया कार्य
c. आदेश के विपरीत किया गया कार्य
d. किसी नियम का उल्लंघन करते हुए किया गया कार्य
244. धारा 28 के तहत सुरक्षा प्राप्त करने का आधार क्या है?
a. कार्य का परिणाम
b. कार्य का इरादा और नियमों का पालन
c. कार्य का प्रकार
d. कार्य का लाभ
245. धारा 28 के अंतर्गत ‘‘अन्य विधिक कार्यवाही’’ में क्या शामिल है?
a. केवल न्यायालयीन वाद
b. केवल पुलिस जांच
c. किसी भी प्रकार की कानूनी प्रक्रिया जैसे वाद, अभियोजन आदि
d. केवल वित्तीय मामले
246. धारा 29 का मुख्य उद्देश्य क्या है?
a. अधिकारियों को मनमानी करने की छूट देना
b. अधिनियम के प्रावधानों को लागू करने में उत्पन्न कठिनाइयों का निवारण करना
c. जनता के अधिकार कम करना
d. अधिनियम की अवधि बढ़ाना
247. धारा 29 के अनुसार कठिनाई का निवारण कौन कर सकता है?
a. केवल केन्द्रीय सरकार
b. केवल न्यायालय
c. राज्य सरकार
d. स्थानीय प्राधिकरण
248. धारा 29 के अंतर्गत आदेश जारी करने की अधिकतम समय सीमा क्या है?
a. अधिनियम की प्रारम्भ तिथि से 1 वर्ष
b. अधिनियम की प्रारम्भ तिथि से 2 वर्ष
c. अधिनियम की प्रारम्भ तिथि से 5 वर्ष
d. कोई समय सीमा नहीं
249. निर्देश देने के लिए केन्द्रीय सरकार की शक्ति, किस धारा से सम्बंधित हैं?
a. धारा 30
b. धारा 31
c. धारा 32
d. धारा 33
250. धारा 30 के अनुसार निर्देश देने का अधिकार किसके पास है?
a. केवल राज्य सरकार
b. केवल स्थानीय प्राधिकरण
c. केवल न्यायालय
d. केन्द्रीय सरकार
251. धारा 30 के अनुसार केन्द्रीय सरकार किनके संबंध में निर्देश दे सकती है?
a. स्थानीय निकायों
b. राज्य सरकारों
c. केवल न्यायालयों
d. केवल पुलिस विभाग
252. धारा 30 के अनुसार निर्देश किस संबंध में दिए जा सकते हैं?
a. राज्य सरकार के कर्मचारियों की भर्ती
b. अधिनियम के प्रावधानों के क्रियान्वयन के संबंध में
c. राज्य के वित्तीय मामलों में
d. केवल चुनाव प्रक्रिया में
253. धारा 30 के अनुसार निर्देश किस माध्यम से दिए जा सकते हैं?
a. शासकीय आदेश
b. न्यायालय के माध्यम से
c. पत्राचार या अन्य औपचारिक माध्यम से
d. केवल प्रेस विज्ञप्ति
254. निम्न में से कौन सा कथन धारा 30 के अनुसार सही है?
a. राज्य सरकार अपने मनमाने तरीके से निर्देशों का पालन कर सकती है
b. केन्द्रीय सरकार के निर्देश केवल सलाह के रूप में होते हैं
c. केन्द्रीय सरकार राज्य सरकारों को अधिनियम के पालन में निर्देश दे सकती है
d. राज्य सरकार को निर्देशों का पालन करना अनिवार्य नहीं है
255. केन्द्रीय सरकार की पुनर्विलोकन करने की शक्ति, किस धारा से सम्बंधित हैं?
a. धारा 32
b. धारा 31
c. धारा 29
d. धारा 30
256. धारा 31 के अनुसार पुनर्विलोकन (Review) कौन कर सकता है?
a. केवल राज्य सरकार
b. केवल न्यायालय
c. केवल स्थानीय प्राधिकरण
d. केवल केन्द्रीय सरकार
257. धारा 31 किस प्रकार की शक्ति प्रदान करती है?
a. केवल सलाहकार शक्ति
b. निगरानी और पुनर्विलोकन की शक्ति
c. वित्तीय नियंत्रण की शक्ति
d. न्यायिक शक्ति
258. धारा 31 के अंतर्गत ‘पुनर्विलोकन’ और ‘अनुविक्षण’ किसके लिए आवश्यक हैं?
a. केवल न्यायालय
b. राज्य सरकार की कार्यप्रणाली और अधिनियम के क्रियान्वयन के लिए
c. केवल स्थानीय प्रशासन के लिए
d. केवल वित्तीय मामलों के लिए
259. राज्य सरकार की नियम बनाने की शक्ति, किस धारा से सम्बंधित हैं?
a. धारा 32
b. धारा 31
c. धारा 29
d. धारा 30
260. धारा 32 के अनुसार नियम बनाने की शक्ति किसके पास है?
a. केवल न्यायालय
b. केवल राज्य सरकार
c. केवल केन्द्रीय सरकार
d. राज्य और केन्द्रीय सरकार दोनों
261. नियम किस माध्यम से बनाए जाते हैं?
a. शासकीय राजपत्र में अधिसूचना द्वारा
b. केवल आदेश द्वारा
c. न्यायालय की अनुमति से
d. सरकारी वेबसाइट पर
262. धारा 32(2)(क) के अनुसार नियम किस विषय में बनाए जा सकते हैं?
a. धारा 5 के अधीन जाँच करने के ढंग और धारा 8(1) के अधीन नियम
b. केवल वित्तीय प्रावधान
c. केवल स्वास्थ्य सेवाएँ
d. केवल शिक्षा संबंधी कार्य
263. धारा 32(2)(ख) के अनुसार नियम किस विषय में बनाए जा सकते हैं?
a. अन्य प्रयोजनों के लिए अधिकरण की शक्ति और प्रक्रिया
b. केवल न्यायालय की शक्तियाँ
c. वित्तीय प्रबंधन
d. केवल कर्मचारियों की नियुक्ति
264. धारा 32(2)(ग) के अनुसार नियम किस विषय में बनाए जा सकते हैं?
a. अधिकतम भरण-पोषण भत्ता
b. न्यायालय के आदेश
c. स्थानीय प्रशासन
d. केवल शिक्षा संस्थान
265. धारा 32(2)(घ) के अनुसार नियम किस विषय में बनाए जा सकते हैं?
a. वरिष्ठ नागरिकों के लिए अस्पताल
b. वृद्धावस्था गृह के प्रबंधन, सेवाएँ और मानदण्ड
c. केवल शिक्षा संस्थान
d. केवल पुलिस व्यवस्था
266. धारा 32(2)(ड) के अनुसार नियम किस विषय में बनाए जा सकते हैं?
a. धारा 22 की उपधारा (1) के अधीन इस अधिनियम के क्रियान्वयन के लिए प्राधिकरण की शक्तियाँ और कर्तव्य
b. केवल न्यायालय की प्रक्रिया
c. केवल वित्तीय मामलों के लिए
d. केवल स्थानीय निकायों के लिए
267. धारा 32(2)(च) के अनुसार नियम किस विषय में बनाए जा सकते हैं?
a. धारा 22 की उपधारा (2) के अधीन वरिष्ठ नागरिकों के जीवन और सम्पत्ति का संरक्षण प्रदान करने के लिए व्यापक कार्य योजना
b. केवल वित्तीय मामलों के लिए
c. केवल स्थानीय निकायों के प्रशासन के लिए
d. केवल न्यायालयीन आदेशों के लिए
268. धारा 32(2)(छ) के अनुसार नियम किस विषय में बनाए जा सकते हैं?
a. कोई अन्य मामला जो अधिनियम के उद्देश्यों के लिए आवश्यक हो
b. केवल न्यायालय के आदेश
c. केवल वित्तीय मामलों के लिए
d. केवल स्थानीय निकायों के मामलों के लिए
269. नियम बनाए जाने के बाद किसके समक्ष प्रस्तुत किए जाएंगे?
a. न्यायालय
b. राज्य विधानमंडल
c. केवल राज्य सरकार
d. केवल केन्द्रीय सरकार