साम्या विधि MCQs Set-2

साम्या विधि MCQs Set-2

साम्या विधि

PRINCIPLES OF EQUITY

 

1. साम्य की विषय-वस्तु किससे संबंधित है?

a. दंड

b. अन्तःकरण

c. कर

d. प्रशासन

 

2. साम्य की विषय-वस्तु का उल्लेख किस अधिनियम में है?

a. दंड संहिता

b. सिविल प्रक्रिया संहिता

c. न्यायतंत्र अधिनियम 1873

d. संविधान

 

3. निम्न में से कौन साम्य की विषय-वस्तु है?

a. साझेदारी का विघटन

b. अपराध दंड

c. कर निर्धारण

d. चुनाव

 

4. "संविदाओं का विनिर्दिष्ट पालन" किसके अंतर्गत आता है?

a. दंड विधि

b. साम्य

c. कर विधि

d. प्रशासनिक विधि

 

5. "बन्धकों का मोचन" किससे संबंधित है?

a. दंड

b. साम्य

c. कर

d. प्रशासन

 

6. शिशुओं की सम्पत्ति का संरक्षण किसके अंतर्गत आता है?

a. दंड विधि

b. साम्य

c. अंतर्राष्ट्रीय विधि

d. कर विधि

 

7. साम्य विधि का उद्भव किस कारण हुआ?

a. संविधान निर्माण के कारण

b. सामान्य विधि की कठोरता एवं कमियों के कारण

c. प्रशासनिक सुधार के कारण

d. दंड व्यवस्था के कारण

 

8. साम्य विधि का मुख्य उद्देश्य क्या है?

a. दंड देना

b. कर वसूलना

c. सामान्य विधि की कमियों को दूर करना

d. प्रशासनिक नियंत्रण करना

 

9. सामान्य विधि की प्रमुख कमी क्या थी?

a. अत्यधिक लचीलापन

b. कठोरता एवं अपर्याप्त उपचार

c. अत्यधिक दंड

d. प्रशासनिक नियंत्रण

 

10. साम्य विधि का संबंध किससे अधिक है?

a. दंड से

b. अन्तःकरण एवं न्याय से

c. कर से

d. प्रशासन से

 

11. साम्य विधि ने सामान्य विधि की किस समस्या को दूर किया?

a. कराधान

b. कठोरता

c. चुनाव प्रणाली

d. प्रशासनिक नियंत्रण

 

12. साम्य का महत्व क्यों बढ़ा?

a. यह केवल दंड देता है

b. यह प्रशासन को नियंत्रित करता है

c. यह न्यायपूर्ण एवं उचित उपचार प्रदान करता है

d. यह कर वसूलता है

 

13. सामान्य विधि और साम्य के संबंध को समझने के लिए क्या आवश्यक है?

a. केवल दंड विधि का ज्ञान

b. दोनों के अर्थों का ज्ञान

c. केवल संविधान का ज्ञान

d. केवल प्रशासनिक कानून का ज्ञान

 

14. साम्य किस प्रकार की विधि है?

a. कठोर विधि

b. लचीली एवं न्यायपूर्ण विधि

c. दंडात्मक विधि

d. कर विधि

 

15. सामान्य विधि की तुलना में साम्य किस प्रकार कार्य करता है?

a. अधिक कठोर

b. अधिक लचीला

c. केवल दंडात्मक

d. केवल प्रशासनिक

 

16. सामान्य विधि क्या है?

a. केवल दंड संबंधी विधि

b. केवल प्रशासनिक विधि

c. ऐसी विधि जो पूरे देश में समान रूप से लागू होती है

d. केवल धार्मिक विधि

 

17. सामान्य विधि किन पर लागू होती है?

a. केवल न्यायाधीशों पर

b. केवल प्रशासन पर

c. समस्त देश या राज्य के निवासियों पर

d. केवल अपराधियों पर

 

18. सामान्य विधि का आधार क्या है?

a. संविधान

b. रुढ़ियाँ, प्रथाएँ एवं रीति-रिवाज

c. केवल संसद के अधिनियम

d. प्रशासनिक आदेश

 

19. सामान्य विधि का प्रशासन किसके द्वारा किया जाता था?

a. संसद

b. न्यायालय

c. प्रशासन

d. पुलिस

 

20. सामान्य विधि का उपयोग किस उद्देश्य से किया जाता था?

a. कर वसूली के लिए

b. वादों के निराकरण के लिए

c. चुनाव कराने के लिए

d. प्रशासनिक नियंत्रण के लिए

 

21. सामान्य विधि की प्रकृति कैसी होती है?

a. लिखित

b. अलिखित

c. दंडात्मक

d. प्रशासनिक

 

22. सामान्य विधि का विकास कैसे हुआ?

a. एक ही बार में

b. संसद द्वारा तुरंत

c. धीरे-धीरे समय के साथ

d. केवल न्यायालय के आदेश से

 

23. सामान्य विधि किन तत्वों पर आधारित होती है?

a. केवल कानून की किताबें

b. केवल संविधान

c. रुढ़ियाँ, प्रथाएँ, रीति-रिवाज एवं व्यवहार

d. केवल प्रशासनिक आदेश

 

24. सामान्य विधि का स्वरूप कैसा है?

a. स्थिर

b. परिवर्तनशील नहीं

c. समयानुसार विकसित होने वाला

d. केवल दंडात्मक

 

25. साम्य विधि किस पर आधारित है?

a. दंड सिद्धांत

b. नैसर्गिक न्याय के सिद्धांत

c. कर प्रणाली

d. प्रशासनिक आदेश

 

26. साम्य विधि का कार्यान्वयन किस न्यायालय द्वारा किया जाता था?

a. सर्वोच्च न्यायालय

b. सिविल न्यायालय

c. चान्सरी न्यायालय

d. दंड न्यायालय

 

27. साम्य विधि का उद्भव किसके कारण हुआ?

a. संविधान

b. सामान्य विधि की कठोरता एवं कमियाँ

c. कर प्रणाली

d. प्रशासनिक सुधार

 

28. सामान्य विधि की पहली प्रमुख कमी क्या थी?

a. अत्यधिक लचीलापन

b. उपचारों का अभाव

c. अत्यधिक दंड

d. प्रशासनिक नियंत्रण

 

29. "न्यास" के मामलों में सामान्य विधि की क्या स्थिति थी?

a. पर्याप्त उपचार देती थी

b. कोई उपचार नहीं देती थी

c. केवल दंड देती थी

d. केवल प्रशासनिक आदेश देती थी

 

30. सामान्य विधि की दूसरी कमी क्या थी?

a. कठोरता

b. अपर्याप्त अनुतोष

c. दंडात्मक प्रकृति

d. प्रशासनिक दोष

 

31. संविदा भंग के मामलों में सामान्य विधि का कौन-सा दोष था?

a. कोई उपचार नहीं देना

b. अत्यधिक दंड देना

c. केवल क्षतिपूर्ति देना जो पर्याप्त नहीं होती

d. प्रशासनिक नियंत्रण

 

32. सामान्य विधि की तीसरी कमी क्या थी?

a. लचीलापन

b. दोषपूर्ण एवं कठोर प्रक्रिया

c. अत्यधिक न्याय

d. कराधान

 

33. दोषपूर्ण प्रक्रिया का क्या प्रभाव था?

a. न्याय जल्दी मिलता था

b. न्याय सरल हो जाता था

c. न्याय प्राप्त करना कठिन हो जाता था

d. प्रशासन मजबूत होता था

 

34. साम्य विधि का उद्देश्य क्या है?

a. सामान्य विधि को समाप्त करना

b. सामान्य विधि का विरोध करना

c. सामान्य विधि की सहायता एवं पूर्ति करना

d. केवल दंड देना

 

35. साम्य और सामान्य विधि के संबंध को कैसे समझा जाता है?

a. विरोधी

b. समान

c. पूरक

d. स्वतंत्र

 

36. मेटलैण्ड के अनुसार "सामान्य विधि से रहित साम्य" क्या है?

a. पूर्ण न्याय

b. मजबूत व्यवस्था

c. हवाई महल

d. दंड प्रणाली

 

37. साम्य विधि की प्रकृति क्या है?

a. विरोधी

b. पूरक एवं सहायक

c. दंडात्मक

d. प्रशासनिक

 

38. न्यायतंत्र अधिनियम 1873 एवं 1875 का महत्व क्या है?

a. दंड व्यवस्था स्थापित करना

b. सामान्य एवं साम्य विधि के विरोध को समाप्त करना

c. कर प्रणाली बनाना

d. प्रशासनिक सुधार करना

 

39. न्यायतंत्र अधिनियमों ने किसकी प्रतिद्वंदिता समाप्त की?

a. न्यायालय और प्रशासन

b. सामान्य विधि और दंड विधि

c. सामान्य विधि और साम्य विधि

d. कर और दंड

 

40. 1873 के अधिनियम से पूर्व कितने प्रकार के न्यायालय थे?

a. एक

b. दो

c. तीन

d. चार

 

41. 1873 से पूर्व कौन-कौन से न्यायालय न्याय प्रदान करते थे?

a. केवल दंड न्यायालय

b. केवल प्रशासनिक न्यायालय

c. सामान्य विधि एवं साम्य न्यायालय

d. केवल कर न्यायालय

 

42. सामान्य विधि के न्यायालय कितने भागों में विभक्त थे?

a. एक

b. दो

c. तीन

d. चार

 

43. निम्न में से कौन सामान्य विधि का न्यायालय था?

a. चान्सरी न्यायालय

b. कोर्ट ऑफ क्वीन'स बेंच

c. प्रशासनिक न्यायालय

d. कर न्यायालय

 

44. सामान्य याचिका न्यायालय का संबंध किससे है?

a. साम्य विधि

b. सामान्य विधि

c. दंड विधि

d. प्रशासनिक विधि

 

45. राजकोष न्यायालय किस प्रकार का न्यायालय था?

a. साम्य न्यायालय

b. सामान्य विधि न्यायालय

c. दंड न्यायालय

d. अंतर्राष्ट्रीय न्यायालय

 

46. क्वीन्स बेंच न्यायालय किस श्रेणी में आता है?

a. साम्य न्यायालय

b. सामान्य विधि न्यायालय

c. प्रशासनिक न्यायालय

d. कर न्यायालय

 

47. न्यायतंत्र अधिनियमों का मुख्य उद्देश्य क्या था?

a. न्यायालयों को समाप्त करना

b. विधि का विभाजन करना

c. विधि का एकीकरण करना

d. केवल दंड देना

 

48. चान्सरी न्यायालय किस सिद्धान्त पर कार्य करता था?

a. दंड सिद्धांत

b. सामान्य विधि के सिद्धांत

c. साम्य के सिद्धांत

d. प्रशासनिक सिद्धांत

 

49. सामान्य विधि के न्यायालय किसके अनुसार कार्य करते थे?

a. साम्य सिद्धांत

b. दंड सिद्धांत

c. सामान्य विधि के सिद्धांत

d. प्रशासनिक सिद्धांत

 

50. सामान्य विधि एवं चान्सरी न्यायालय में क्या अंतर था?

a. कोई अंतर नहीं था

b. केवल दंड में अंतर था

c. कार्य पद्धति एवं क्षेत्राधिकार भिन्न थे

d. केवल प्रशासनिक अंतर था

 

51. सामान्य विधि के न्यायालय क्या प्रदान करते थे?

a. केवल दंड

b. विधिक अधिकारों के आधार पर उपचार

c. केवल प्रशासनिक आदेश

d. कर निर्धारण

 

52. साम्य न्यायालय कब हस्तक्षेप करते थे?

a. हर मामले में

b. केवल दंड मामलों में

c. जब साम्यिक अधिकार या हित निहित हो

d. केवल कर मामलों में

 

53. न्यायतंत्र अधिनियम 1873 एवं 1875 से पूर्व न्याय प्रशासन कैसा था?

a. एकीकृत

b. विरोधी कार्य पद्धतियों पर आधारित

c. केवल दंड आधारित

d. प्रशासनिक आधारित

 

54. न्यायतंत्र अधिनियमों द्वारा क्या किया गया?

a. न्यायालय समाप्त कर दिए गए

b. केवल साम्य लागू किया गया

c. सामान्य एवं साम्य न्यायालयों का एकीकरण किया गया

d. केवल दंड विधि लागू की गई

 

55. अधिनियम के बाद किसकी स्थापना की गई?

a. दंड न्यायालय

b. कर न्यायालय

c. सर्वोच्च न्यायालय

d. प्रशासनिक न्यायालय

 

56. नए न्यायालय का प्रशासन किन सिद्धांतों पर आधारित था?

a. केवल सामान्य विधि

b. केवल साम्य

c. दोनों के सिद्धांत

d. केवल दंड

 

57. प्रशासनिक सुविधा के लिए क्या किया गया?

a. न्यायालय समाप्त कर दिए गए

b. कार्यों का विभाजन किया गया

c. केवल एक विभाग रखा गया

d. केवल दंड विभाग बनाया गया

 

58. सर्वोच्च न्यायालय को किन भागों में विभाजित किया गया?

a. दंड एवं कर विभाग

b. उच्च न्यायालय एवं अपील न्यायालय

c. प्रशासनिक एवं राजनीतिक विभाग

d. केवल एक विभाग

 

59. चान्सलरी न्यायालय किसका भाग था?

a. सामान्य विधि विभाग

b. साम्य न्यायालय

c. दंड विभाग

d. कर विभाग

 

60. सामान्य विधि विभाग किससे संबंधित था?

a. साम्य विधि

b. दंड विधि

c. सामान्य विधि

d. प्रशासनिक विधि

 

61. न्यायतंत्र अधिनियम का मुख्य प्रभाव क्या था?

a. सामान्य विधि समाप्त हो गई

b. साम्य समाप्त हो गया

c. दोनों के बीच अंतर समाप्त हो गया

d. एक ही न्यायालय को दोनों के अनुतोष देने का अधिकार मिला

 

62. क्या न्यायतंत्र अधिनियम ने सामान्य विधि और साम्य के अंतर को समाप्त कर दिया?

a. हाँ, पूर्ण रूप से

b. आंशिक रूप से

c. नहीं

d. केवल दंड मामलों में

 

63. न्यायतंत्र अधिनियम के बाद क्या व्यवस्था बनी?

a. अलग-अलग न्यायालय

b. केवल साम्य न्यायालय

c. एक ही उच्च न्यायालय द्वारा दोनों प्रकार के अनुतोष

d. केवल सामान्य विधि लागू

 

64. एशवर्नर के अनुसार अधिकार-क्षेत्र की धाराएँ कैसी हैं?

a. एक-दूसरे में मिल जाती हैं

b. पूरी तरह अलग रहती हैं

c. साथ-साथ बहती हैं पर मिश्रित नहीं होतीं

d. समाप्त हो जाती हैं

 

65. एशवर्नर का कथन किससे संबंधित है?

a. दंड विधि

b. कर कानून

c. सामान्य विधि एवं साम्य का संबंध

d. प्रशासनिक कानून

 

66. न्यायतंत्र अधिनियम के बाद क्या समाप्त नहीं हुआ?

a. न्यायालय

b. विधि

c. सामान्य विधि एवं साम्य का अंतर

d. प्रशासन

 

67. सामान्य विधि एवं साम्य के संबंध में सही कथन क्या है?

a. दोनों पूरी तरह एक हो गए

b. दोनों समाप्त हो गए

c. दोनों साथ चलते हैं पर अलग बने रहते हैं

d. केवल साम्य बचा

 

68. न्यायतंत्र अधिनियम के बाद अनुतोष कौन प्रदान करता है?

a. अलग-अलग न्यायालय

b. केवल साम्य न्यायालय

c. केवल सामान्य विधि न्यायालय

d. एक ही उच्च न्यायालय

 

69. न्यायतंत्र अधिनियम का मुख्य उद्देश्य क्या था?

a. दंड व्यवस्था स्थापित करना

b. एक ही वाद में सभी उपचार प्रदान करना

c. कर प्रणाली सुधारना

d. प्रशासनिक नियंत्रण बढ़ाना

 

70. न्यायतंत्र अधिनियम का एक प्रमुख उद्देश्य क्या था?

a. न्यायालयों की संख्या बढ़ाना

b. वादों की बाहुल्यता रोकना

c. दंड बढ़ाना

d. कर वसूली करना

 

71. न्यायतंत्र अधिनियम से किसकी बचत होती है?

a. केवल न्यायालय का समय

b. केवल धन

c. समय एवं धन दोनों

d. केवल प्रशासन

 

72. न्यायतंत्र अधिनियम से पक्षकारों को क्या लाभ हुआ?

a. अधिक वाद दायर करना

b. अलग-अलग न्यायालय जाना

c. एक ही वाद में सभी अनुतोष प्राप्त करना

d. केवल दंड प्राप्त करना

 

73. न्यायतंत्र अधिनियम पारित करने का एक कारण क्या था?

a. सभी मामलों में पर्याप्त उपचार उपलब्ध थे

b. कुछ मामलों में उपचार उपलब्ध नहीं थे

c. केवल दंड की कमी थी

d. प्रशासनिक नियंत्रण की कमी थी

 

74. न्यायतंत्र अधिनियम पारित करने का दूसरा कारण क्या था?

a. उपचार अत्यधिक थे

b. उपचार पर्याप्त नहीं थे

c. केवल दंड दिया जाता था

d. कर वसूली कम थी

 

75. उपचार प्राप्त करने की प्रक्रिया कैसी थी?

a. सरल

b. अत्यंत कठिन

c. स्वचालित

d. त्वरित

 

76. एक ही विवाद के लिए अलग-अलग न्यायालयों में जाने का क्या प्रभाव था?

a. समय की बचत

b. धन की बचत

c. समय और धन का दुरुपयोग

d. न्याय में तेजी

 

77. न्यायतंत्र अधिनियम का उद्देश्य क्या नहीं था?

a. एक ही वाद में उपचार देना

b. वादों की संख्या कम करना

c. समय और धन की बचत करना

d. न्यायालयों की संख्या बढ़ाना

 

78. न्यायतंत्र अधिनियम के अनुसार आदर्श व्यवस्था क्या थी?

a. अलग-अलग न्यायालयों में वाद

b. केवल साम्य न्यायालय

c. एक ही मंच पर सभी उपचार

d. केवल दंड न्यायालय

 

79. न्यायतंत्र अधिनियम द्वारा सबसे महत्वपूर्ण परिवर्तन क्या था?

a. दंड बढ़ाना

b. न्यायालयों का एकीकरण

c. कर प्रणाली बदलना

d. प्रशासन समाप्त करना

 

80. न्यायतंत्र अधिनियम द्वारा किसका एकीकरण किया गया?

a. दंड एवं कर

b. सामान्य विधि एवं साम्य न्यायालय

c. प्रशासन एवं न्यायालय

d. संसद एवं न्यायालय

 

81. न्यायतंत्र अधिनियम के बाद अधिकार क्षेत्र किसे प्राप्त हुआ?

a. अलग-अलग न्यायालयों को

b. केवल साम्य न्यायालय को

c. एक ही न्यायालय को दोनों का अधिकार

d. केवल सामान्य विधि न्यायालय को

 

82. न्यायतंत्र अधिनियम के अनुसार व्यक्ति कितने उपचार एक ही न्यायालय में प्राप्त कर सकता है?

a. एक

b. दो

c. तीन

d. कोई नहीं

 

83. न्यायतंत्र अधिनियम से पूर्व क्या स्थिति थी?

a. एक ही न्यायालय में सभी उपचार मिलते थे

b. अलग-अलग न्यायालयों में जाना पड़ता था

c. केवल दंड मिलता था

d. केवल प्रशासनिक आदेश

 

84. न्यायतंत्र अधिनियम के द्वारा किसका निर्माण किया गया?

a. दंड संहिता

b. सिविल प्रक्रिया संहिता

c. संविधान

d. कर कानून

 

85. सिविल प्रक्रिया संहिता का निर्माण किस आधार पर हुआ?

a. नई विधि

b. विदेशी कानून

c. पुरानी न्याय पद्धतियों का समन्वय

d. केवल साम्य

 

86. उच्च न्यायालय के विभागों को कौन-सा अधिकार दिया गया?

a. केवल दंड देना

b. कर वसूली

c. व्यादेश, लेख जारी करना एवं प्रापक नियुक्त करना

d. केवल प्रशासनिक आदेश

 

87. व्यादेश (Injunction) जारी करने का अधिकार किसे मिला?

a. केवल प्रशासन को

b. उच्च न्यायालय के विभागों को

c. केवल संसद को

d. पुलिस को

 

88. न्यायतंत्र अधिनियम के अनुसार प्रापक (Receiver) की नियुक्ति कौन कर सकता है?

a. प्रशासन

b. उच्च न्यायालय

c. संसद

d. पुलिस

 

89. न्यायतंत्र अधिनियम का प्रभाव न्यास (Trust) मामलों में क्या हुआ?

a. वाद समाप्त हो गए

b. अधिकार सीमित हो गए

c. हितग्राही को वाद करने का अधिकार बना रहा

d. केवल दंड लागू हुआ

 

90. न्यायतंत्र अधिनियम की धारा 25(2)(घ) किससे संबंधित है?

a. दंड

b. कर

c. सामान्य विधि एवं साम्य में विरोध

d. प्रशासन

 

91. यदि सामान्य विधि और साम्य में विरोध हो तो क्या लागू होगा?

a. सामान्य विधि

b. दंड विधि

c. साम्य विधि

d. प्रशासनिक नियम

 

92. न्यायतंत्र अधिनियम के बाद किस अधिकार क्षेत्र का अंत हो गया?

a. अनन्य

b. समवर्ती

c. सहायक

d. सभी

 

93. न्यायतंत्र अधिनियम के बाद न्यायालयों की प्रकृति कैसी हुई?

a. अलग-अलग

b. एकीकृत

c. समाप्त

d. केवल दंडात्मक

 

94. न्यायतंत्र अधिनियम ने किसे प्राथमिकता दी?

a. सामान्य विधि

b. दंड विधि

c. साम्य

d. प्रशासन

 

95. न्यायतंत्र अधिनियम द्वारा किसका एकीकरण हुआ?

a. सिद्धांतों का

b. प्रशासन का

c. दंड का

d. कर का

 

96. न्यायतंत्र अधिनियम द्वारा किसका एकीकरण नहीं हुआ?

a. प्रशासन

b. न्यायालय

c. सिद्धांत

d. प्रक्रिया

 

97. न्यायतंत्र अधिनियम का समग्र प्रभाव क्या था?

a. न्याय समाप्त हुआ

b. केवल दंड बढ़ा

c. न्याय प्रशासन अधिक प्रभावी हुआ

d. कर प्रणाली समाप्त हुई

 

98. न्यायतंत्र अधिनियम के अनुसार एक ही न्यायालय क्या कर सकता है?

a. केवल दंड देना

b. केवल कर वसूलना

c. सामान्य एवं साम्य दोनों के अधिकार लागू करना

d. केवल प्रशासनिक कार्य

 

99. साम्य विधि के आधारसूत्र क्या हैं?

a. दंड के नियम

b. प्रशासनिक आदेश

c. वे सिद्धांत जिन पर साम्य आधारित है

d. कर संबंधी नियम

 

100. साम्य का उद्भव किस कारण हुआ?

a. कर सुधार के लिए

b. दंड बढ़ाने के लिए

c. सामान्य विधि की कठोरता एवं कमियों को दूर करने के लिए

d. प्रशासनिक नियंत्रण के लिए

 

101. साम्य के सिद्धांतों की प्रकृति कैसी होती है?

a. निरंकुश

b. असीमित

c. सीमाबद्ध

d. दंडात्मक

 

102. साम्य न्यायालय किसके आधार पर उपचार प्रदान करता है?

a. केवल दंड

b. केवल प्रशासन

c. सिद्धांतों (आधारसूत्रों) के आधार पर

d. केवल संविधान

 

103. साम्य के आधारसूत्र किसे नियंत्रित करते हैं?

a. प्रशासन

b. दंड

c. साम्य द्वारा दिए जाने वाले उपचार

d. कर प्रणाली

 

104. साम्य के सिद्धांतों का उद्देश्य क्या है?

a. न्याय को कठिन बनाना

b. न्याय को मनमाना बनाना

c. न्याय को नियंत्रित एवं संतुलित बनाना

d. दंड बढ़ाना

 

105. साम्य के आधारसूत्रों में क्या निहित होता है?

a. केवल दंड

b. केवल कर

c. साम्य की समस्त विषय-वस्तु

d. केवल प्रशासन

 

106. साम्य के सिद्धांत क्यों आवश्यक हैं?

a. दंड देने के लिए

b. न्यायालयों को सीमित करने के लिए

c. उपचार को नियमबद्ध बनाने के लिए

d. कर वसूली के लिए

 

107. साम्य के आधारसूत्रों का संबंध किससे है?

a. कर

b. प्रशासन

c. न्याय एवं निष्पक्षता

d. दंड

 

108. साम्य के सिद्धांतों के बिना क्या स्थिति होगी?

a. न्याय आसान होगा

b. न्याय मनमाना हो जाएगा

c. दंड समाप्त हो जाएगा

d. कर बढ़ जाएगा

 

109. "साम्य किसी अपकृति को उपचार-विहीन नहीं रहने देता" किससे संबंधित है?

a. दंड सिद्धांत

b. साम्य का आधारसूत्र

c. कर नियम

d. प्रशासनिक सिद्धांत

 

110. "साम्य किसी अपकृति को उपचार-विहीन नहीं रहने देता" आधारसूत्र का मुख्य अर्थ क्या है?

a. हर अपराध को दंड मिलता है

b. हर अधिकार के साथ उपचार होना चाहिए

c. केवल दंड देना चाहिए

d. प्रशासनिक नियंत्रण आवश्यक है

 

111. "जहाँ अधिकार है, वहाँ उपचार है" किससे संबंधित है?

a. कर विधि

b. दंड विधि

c. अपकृत्य विधि

d. प्रशासनिक विधि

 

112. यदि किसी व्यक्ति के अधिकार का उल्लंघन होता है, तो क्या होना चाहिए?

a. कुछ नहीं

b. केवल दंड

c. उपचार प्रदान किया जाना चाहिए

d. प्रशासनिक आदेश

 

113. "ऐशबी बनाम व्हाईट" वाद किस सिद्धांत से संबंधित है?

a. कर कानून

b. दंड कानून

c. अधिकार एवं उपचार

d. प्रशासनिक नियंत्रण

 

114. "ऐशबी बनाम व्हाईट" वाद में क्या स्थापित किया गया?

a. केवल दंड दिया जाए

b. अधिकार बिना उपचार के भी हो सकता है

c. अधिकार के साथ उपचार आवश्यक है

d. प्रशासनिक आदेश सर्वोच्च है

 

115. साम्य न्यायालय कब हस्तक्षेप करता था?

a. जब सामान्य विधि पर्याप्त उपचार देती थी

b. जब कोई विवाद नहीं होता था

c. जब सामान्य विधि उपचार नहीं देती या अपर्याप्त देती थी

d. केवल दंड मामलों में

 

116. साम्य किस आधार पर निर्णय देता था?

a. दंड

b. कर

c. सद्विवेक एवं न्याय

d. प्रशासन

 

117. न्यायाधीशों की धारणा क्या थी?

a. दोषपूर्ण कार्य को अनदेखा करना चाहिए

b. दोषपूर्ण कार्य को बिना उपचार के नहीं छोड़ना चाहिए

c. केवल दंड देना चाहिए

d. केवल प्रशासनिक आदेश देना चाहिए

 

118. निम्न में से कौन साम्य द्वारा प्रदान किया गया उपचार है?

a. कर वसूली

b. बंधक मोचन

c. चुनाव

d. प्रशासनिक आदेश

 

119. "व्यादेश (Injunction)" किसका उदाहरण है?

a. दंड

b. साम्य उपचार

c. कर

d. प्रशासन

 

120. संविदा पालन का उपचार किससे संबंधित है?

a. दंड विधि

b. साम्य

c. कर विधि

d. प्रशासनिक विधि

 

121. साम्य का यह आधारसूत्र किस कमी को दूर करता है?

a. कर की कमी

b. दंड की कमी

c. सामान्य विधि में उपचारों का अभाव

d. प्रशासनिक कमी

 

122. अधिकार और उपचार का संबंध कैसा है?

a. स्वतंत्र

b. असंबंधित

c. अन्योन्याश्रित

d. विरोधी

 

123. "साम्य विधि का अनुसरण करता है" किसका आधारसूत्र है?

a. दंड विधि

b. कर विधि

c. साम्य विधि

d. प्रशासनिक विधि

 

124. "साम्य विधि का अनुसरण करता है" आधारसूत्र किसके कथन से संबंधित है?

a. केल्सन

b. मेटलैण्ड

c. ऑस्टिन

d. सालमंड

 

125. मेटलैण्ड के अनुसार साम्य क्या है?

a. सामान्य विधि का विरोधी

b. सामान्य विधि का पूरक

c. दंड प्रणाली

d. प्रशासनिक प्रणाली

 

126. साम्य का उद्देश्य क्या है?

a. सामान्य विधि को समाप्त करना

b. सामान्य विधि का विरोध करना

c. सामान्य विधि की पूर्ति करना

d. दंड देना

 

127. साम्य कब हस्तक्षेप करता है?

a. हर मामले में

b. जब सामान्य विधि पर्याप्त उपचार देती है

c. जब सामान्य विधि उपचार देने में असफल रहती है

d. केवल दंड मामलों में

 

128. साम्य का सामान्य विधि के प्रति दृष्टिकोण क्या है?

a. विरोधात्मक

b. प्रतिस्पर्धात्मक

c. सहायक एवं पूरक

d. स्वतंत्र

 

129. साम्य विधि का अनुसरण किस प्रकार करता है?

a. नियमों को अनदेखा करके

b. विधि के स्पष्ट नियमों का पालन करके

c. केवल दंड देकर

d. प्रशासनिक आदेश से

 

130. साम्य कब सामान्य विधि के सिद्धांतों का अनुसरण करता है?

a. जब सिद्धांत उपलब्ध न हों

b. जब सिद्धांत उपलब्ध हों

c. केवल दंड मामलों में

d. केवल कर मामलों में

 

131. साम्य किन मामलों में विधि का अनुसरण करता है?

a. केवल दंड मामलों में

b. केवल प्रशासनिक मामलों में

c. विधिक एवं साम्यिक अधिकारों के मामलों में

d. केवल कर मामलों में

 

132. न्यास (Trust) के प्रशासन में क्या अपनाया जाता है?

a. केवल दंड नियम

b. केवल प्रशासनिक नियम

c. विधि के नियम

d. कर नियम